Rachit Prints ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **₹53.24 करोड़** तक पहुंच गया है, हालांकि मुनाफे में सुस्ती के कारण इस बार कंपनी ने कोई डिविडेंड नहीं देने का फैसला किया है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी के रेवेन्यू में शानदार बढ़ोतरी देखी गई है, जो पिछले साल के ₹41.70 करोड़ से बढ़कर ₹53.24 करोड़ पर पहुंच गया है। हालांकि, नेट प्रॉफिट (PAT) के मोर्चे पर कंपनी स्थिर बनी हुई है। इस फाइनेंशियल ईयर में कंपनी का मुनाफा ₹4.58 करोड़ रहा, जो पिछले साल के ₹4.56 करोड़ के मुकाबले लगभग फ्लैट है। इसका असर कंपनी के EPS पर भी पड़ा है, जो ₹13.03 से घटकर ₹10.51 रह गया है।
मैनेजमेंट और बोर्ड में बड़े बदलाव
कंपनी ने अपने मैनेजमेंट स्ट्रक्चर में बदलाव करते हुए दिसंबर 2025 में रचित गुप्ता को नया CFO नियुक्त किया है। इसके अलावा, कंपनी ने मैनेजिंग डायरेक्टर और होल-टाइम डायरेक्टर की सैलरी बढ़ाकर ₹3.5 लाख प्रति माह करने का प्रस्ताव रखा है, जिसे जुलाई 2026 से लागू किया जाएगा।
आगे की राह और जोखिम
हालांकि कंपनी Sleepwell और Kurlon Enterprises जैसे बड़े ब्रांड्स के साथ अपने B2B सप्लाई चेन को मजबूत कर रही है, लेकिन रेवेन्यू बढ़ने के बावजूद मुनाफे में ठहराव चिंता का विषय है। शेयरधारकों की नजरें अब एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) पर टिकी हैं, जहां इन प्रस्तावों और नए सेक्रेटेरियल ऑडिटर की नियुक्ति पर वोटिंग होगी।
