Mohite Industries ने अपनी स्पिनिंग यूनिट को बेचने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जो कंपनी की FY26 की कुल कमाई में **85%** से अधिक का योगदान देती थी। कंपनी इस कदम से **₹78.21 करोड़** का कर्ज चुकाने और अपना पूरा ध्यान हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पर शिफ्ट करने की तैयारी में है।
बड़े बदलाव की तैयारी
कंपनी ने कोल्हापुर स्थित अपनी स्पिनिंग यूनिट को बेचने के लिए शेयरधारकों से पोस्टल बैलट के जरिए मंजूरी मांगी है। इस सौदे में 37 एकड़ जमीन, फैक्ट्री स्ट्रक्चर और सभी प्लांट व मशीनरी शामिल हैं। इस प्रक्रिया के साथ ही कंपनी अपना रजिस्टर्ड ऑफिस भी नागला पार्क, कोल्हापुर शिफ्ट कर रही है। शेयरधारक 31 अक्टूबर से 29 नवंबर, 2026 तक रिमोट ई-वोटिंग के जरिए अपनी राय दे सकते हैं।
कर्ज से मुक्ति और नई दिशा
FY26 में स्पिनिंग यूनिट का कंपनी की कुल आय में 85.81% का हिस्सा था। कंपनी इस बिक्री से मिलने वाली राशि का उपयोग Bank of Baroda, LIC Housing Finance और अन्य कर्जदाताओं का ₹78.21 करोड़ का बकाया चुकाने के लिए करेगी। यह फैसला कंपनी के बैलेंस शीट को मजबूत करने और भारी पूंजी खर्च वाली घाटे की यूनिट से बाहर निकलने के लिए लिया गया है।
जोखिम और भविष्य की चुनौतियां
निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि स्पिनिंग यूनिट फिलहाल कंपनी का मुख्य रेवेन्यू ड्राइवर है। कंपनी का पूरा ध्यान हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पर शिफ्ट करना भविष्य में आय की स्थिरता के लिहाज से एक बड़ा बदलाव है, जिसमें एग्जीक्यूशन रिस्क भी शामिल है। वर्तमान में इस यूनिट की बुक वैल्यू ₹44.26 करोड़ है।
आगे क्या होगा?
वोटिंग के नतीजे 30 नवंबर, 2026 को आएंगे। निवेशकों को अब यह देखना होगा कि कंपनी किस खरीदार को चुनती है और एसेट की अंतिम बिक्री कीमत क्या रहती है।
