Meenakshi India Limited ने अपने एनलिस्ट मीट में भविष्य की बड़ी योजनाओं का खुलासा किया है। कंपनी ने FY30 तक **₹500 करोड़** के रेवेन्यू और **₹65 करोड़** के प्रॉफिट का टारगेट रखा है, जिसके लिए **₹40 करोड़** का बड़ा निवेश (Capex) किया जाएगा।
ग्रोथ का रोडमैप
कंपनी अपनी प्रोडक्शन क्षमता को मौजूदा 18 लाख यूनिट्स से बढ़ाकर 37.5 लाख यूनिट्स तक ले जाने की तैयारी में है। इस विस्तार के लिए कंपनी FY28 से FY30 के बीच ₹40 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) करेगी।
ग्लोबल एक्सपेंशन और रणनीति
'चाइना प्लस वन' रणनीति का फायदा उठाने के लिए कंपनी अब भारत के बाहर भी अपने पैर पसार रही है। कंपनी ने श्रीलंका के एक कांट्रेक्टर के साथ MoU साइन किया है, जबकि नेपाल और वियतनाम को भी मैन्युफैक्चरिंग साइट्स के रूप में देखा जा रहा है। इसका मकसद ग्लोबल ट्रेड में आ रहे बदलावों और टैरिफ की बाधाओं को कम करना है।
मार्जिन पर दबाव का सच
FY26 कंपनी के लिए काफी चुनौती भरा रहा है। नेट सेल्स ₹166 करोड़ से गिरकर ₹151 करोड़ रह गई। सबसे बड़ी चिंता EBITDA मार्जिन में आई गिरावट है, जो 17.7% से घटकर केवल 7.2% पर आ गई। इसका सीधा असर नेट प्रॉफिट पर पड़ा है, जो FY25 के ₹39 करोड़ के मुकाबले घटकर महज ₹11 करोड़ रह गया है।
निवेशकों के लिए जोखिम
कंपनी का रेवेन्यू यूरोप (58.66%) और अमेरिका (27.12%) जैसे बाजारों पर काफी निर्भर है। भविष्य में मार्जिन को वापस डबल डिजिट में लाना कंपनी की सबसे बड़ी चुनौती होगी। निवेशकों को अब कंपनी के नए प्लांट्स और कैपेक्स के अपडेट्स पर बारीक नजर रखनी होगी।
