Dhanlaxmi Fabrics ने FY26 के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट लॉस **₹3.30 करोड़** रहा है, जबकि कुल रेवेन्यू **₹25.81 करोड़** तक पहुंच गया है। अब कंपनी अपने बिजनेस को डायवर्सिफाई करने के लिए रियल एस्टेट सेक्टर में कदम रखने जा रही है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नज़र
कंपनी के नतीजों के मुताबिक, इस फाइनेंशियल ईयर में रेवेन्यू में उछाल देखने को मिला है और यह पिछले साल के ₹14.94 करोड़ से बढ़कर ₹25.81 करोड़ हो गया है। हालांकि, टॉप-लाइन ग्रोथ के बावजूद कंपनी मुनाफे में नहीं रह सकी। FY25 में जहां कंपनी को ₹0.09 करोड़ का मुनाफा हुआ था, वहीं इस बार कंपनी ₹3.30 करोड़ के नेट लॉस में है। नतीजों को देखते हुए बोर्ड ने इस साल कोई डिविडेंड न देने का फैसला लिया है।
नई राह: रियल एस्टेट में एंट्री
टेक्सटाइल और यार्न ट्रेडिंग बिजनेस की चुनौतियों को देखते हुए, कंपनी अब अपनी रणनीति बदल रही है। मैनेजमेंट ने शेयरधारकों से 'मेमोरेंडम ऑफ एसोसिएशन' में बदलाव की मंजूरी मांगी है, ताकि वे रियल एस्टेट डेवलपमेंट और लीजिंग सेक्टर में एंट्री कर सकें। कंपनी का इरादा टेक्सटाइल पर अपनी निर्भरता कम करना और रेवेन्यू के नए स्रोत बनाना है।
आगे क्या होगा?
कंपनी की 34वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 24 सितंबर, 2026 को तय की गई है। इस मीटिंग में रियल एस्टेट सेक्टर में कदम रखने के प्रस्ताव पर शेयरधारकों की मुहर लग सकती है। हालांकि, निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि रियल एस्टेट एक कैपिटल-इंटेंसिव सेक्टर है, जहां काम करना टेक्सटाइल के मुकाबले काफी अलग होगा। ऑडिटर्स ने वित्तीय स्टेटमेंट्स पर अपनी क्लीन रिपोर्ट दी है, लेकिन घाटे के बढ़ते आंकड़ों को देखते हुए कंपनी का आने वाला समय बेहद अहम होगा।
