Akshar Spintex Limited ने वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में **₹0.30 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल इसी दौरान **₹1.97 करोड़** के नुकसान में थी। हालांकि, कंपनी की ऑडिट रिपोर्ट ने एसेट और इन्वेंट्री मैनेजमेंट पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मुनाफे का गणित और रेवेन्यू की रफ्तार
कंपनी के हालिया नतीजों पर नजर डालें तो ऑपरेशन्स में सुधार साफ दिख रहा है। Akshar Spintex का कुल रेवेन्यू पिछले साल के ₹22.34 करोड़ से बढ़कर इस बार ₹35.69 करोड़ पर पहुंच गया है। सालाना आधार पर कंपनी की कुल आय में 59.3% का जोरदार उछाल देखने को मिला है, जिससे कंपनी ₹1.97 करोड़ के नुकसान से उबरकर ₹0.30 करोड़ के मुनाफे में आई है।
क्यों चिंता में हैं निवेशक? (Governance Risks)
अच्छे नतीजों के बीच ऑडिटर की टिप्पणी ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी के पास फिक्स्ड एसेट रजिस्टर का अभाव है और इन्वेंट्री का फिजिकल इंस्पेक्शन भी नहीं किया गया है। इसका मतलब यह है कि कंपनी की संपत्ति और इन्वेंट्री का सही आकलन करना ऑडिटर के लिए संभव नहीं हो पाया है।
ऑडिटिंग और मैनेजमेंट पर सवाल
सबसे बड़ा रिस्क गवर्नेंस को लेकर है। कंपनी के मौजूदा स्टैच्युटरी ऑडिटर का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, लेकिन अभी तक नए ऑडिटर की नियुक्ति नहीं की गई है। मौजूदा ऑडिटर अभी 'Companies Act' के विशेष प्रावधानों के तहत काम कर रहे हैं। इसके अलावा, कंपनी ने कुछ ऐसे कर्ज को राइट-ऑफ किया है जिन्हें वसूल करना मुश्किल था, हालांकि मैनेजमेंट का कहना है कि यह वित्तीय नतीजों पर बड़ा असर नहीं डालता। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि मैनेजमेंट इन प्रशासनिक खामियों को कैसे दूर करता है और नए ऑडिटर की नियुक्ति कब तक होती है।
