Tech Mahindra ने FY26 के लिए **₹4,805.5 करोड़** का शानदार कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल के मुकाबले **13.2%** ज्यादा है। कंपनी ने **₹51** प्रति शेयर का डिविडेंड (Dividend) भी घोषित किया है, लेकिन बोर्ड ने एक डायरेक्टर नॉमिनी के खिलाफ वोट करने की सलाह दी है।
Tech Mahindra FY26 नतीजे: मुनाफे में उछाल, पर बोर्ड की चिंता?
Tech Mahindra ने अपने FY26 के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 13.2% बढ़कर ₹4,805.5 करोड़ रहा, जबकि कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 7.2% बढ़कर ₹56,815.4 करोड़ दर्ज किया गया। इसके साथ ही, कंपनी ने ₹51 प्रति शेयर का कुल डिविडेंड (Dividend) घोषित किया है।
यह खबर क्यों मायने रखती है?
कंपनी की मजबूत फाइनेंशियल परफॉरमेंस, जिसमें लगातार 10वें तिमाही में EBIT मार्जिन का 12.6% तक सुधरना शामिल है, कंपनी की ऑपरेशनल एफिशिएंसी को दर्शाता है। शेयर होल्डर्स के लिए ₹51 प्रति शेयर का डिविडेंड (Dividend) एक बड़ी राहत है। लेकिन, एक बड़ा गवर्नेंस (Governance) का मुद्दा भी सामने आया है। बोर्ड ने शेयर होल्डर्स से मिस्टर कृष्ण परशरामका (Mr. Krishnam Parasramka) के नाम पर डायरेक्टर के तौर पर वोट न करने की सलाह दी है, क्योंकि उनके पास इस पद के लिए पर्याप्त अनुभव नहीं है।
कंपनी का बैकग्राउंड
मार्च 2026 को खत्म हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए, Tech Mahindra के स्टैंडअलोन रेवेन्यू में पिछले साल के ₹45,950.2 करोड़ से बढ़कर ₹48,927.0 करोड़ हुआ। स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट ₹3,506.1 करोड़ से बढ़कर ₹3,859.2 करोड़ हो गया। कंपनी ने FY26 में कुल USD 3.79 बिलियन की डील जीतीं।
आगे क्या होगा?
शेयर होल्डर्स को 17 जुलाई 2026 को होने वाली एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में मिस्टर कृष्ण परशरामका की नियुक्ति पर वोट करना होगा। बोर्ड का यह कदम गवर्नेंस और डायरेक्टर की योग्यता पर कंपनी के बढ़ते फोकस को दिखाता है। फाइनल डिविडेंड (Dividend) के लिए रिकॉर्ड डेट 3 जुलाई 2026 है।
जोखिम (Risks) पर नजर
पॉजिटिव फाइनेंशियल नतीजों के बावजूद, बोर्ड द्वारा डायरेक्टर नॉमिनी का विरोध गवर्नेंस को लेकर एक चिंता का विषय है। मैनेजमेंट ने ग्लोबल मैक्रोइकॉनॉमिक अनिश्चितताओं के कारण FY27 के लिए एक सावधानी भरा आउटलुक भी जारी किया है, जो भविष्य के प्रदर्शन और 15% ऑपरेटिंग मार्जिन के लक्ष्य को प्रभावित कर सकता है।
आगे क्या ट्रैक करें?
निवेशकों को AGM में डायरेक्टर की नियुक्ति के वोट के नतीजों पर नजर रखनी चाहिए। FY27 के लिए 15% ऑपरेटिंग मार्जिन के लक्ष्य के मुकाबले कंपनी का प्रदर्शन महत्वपूर्ण होगा। साथ ही, ग्लोबल मैक्रोइकॉनॉमिक अनिश्चितताओं के बीच कंपनी का प्रदर्शन भी अहम रहेगा।
