String Metaverse Ltd ने अपनी 32वीं AGM की तारीख का ऐलान कर दिया है। कंपनी अपने विस्तार के लिए ₹1,000 करोड़ जुटाने की योजना बना रही है, साथ ही फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹35.25 करोड़ से बढ़कर ₹102.53 करोड़ पर पहुंच गया है।
फाइनेंशियल परफॉरमेंस की उड़ान
कंपनी ने पिछले फाइनेंशियल ईयर के मुकाबले शानदार प्रदर्शन किया है। FY 2025-26 में कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹102.53 करोड़ रहा, जो पिछले साल के ₹35.25 करोड़ से कहीं अधिक है। वहीं, कंपनी का रेवेन्यू भी ₹407.36 करोड़ से उछलकर ₹1,069.11 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया है।
फंड रेजिंग और विस्तार की रणनीति
25 सितंबर, 2026 को होने वाली 32वीं AGM में कंपनी ₹1,000 करोड़ तक की पूंजी जुटाने का प्रस्ताव रखेगी। इसे QIP, पब्लिक इश्यू या प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट के जरिए लाया जा सकता है। कंपनी का फोकस Web3, डिजिटल एसेट्स और हाई-फ्रीक्वेंसी ट्रेडिंग (HFT) सेगमेंट को तेजी से बढ़ाने पर है।
कॉर्पोरेट गवर्नेंस और रिस्क
कंपनी के लिए एक चिंता का विषय इनसाइडर ट्रेडिंग कोड का उल्लंघन है। सेक्रेटेरियल ऑडिट में सामने आया है कि दो डेजिग्नेटेड व्यक्तियों ने 6 महीने के भीतर 'कॉन्ट्रा ट्रेड' किया, जो नियमों के खिलाफ है। हालांकि बोर्ड ने इन व्यक्तियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की बात कही है, लेकिन निवेशकों को कंपनी के इंटरनल कंप्लायंस पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।
ध्यान देने वाली बात
निवेशकों को याद रखना चाहिए कि प्रस्तावित फंड रेजिंग से इक्विटी डायल्यूशन (Equity Dilution) का रिस्क बना हुआ है। इसके अलावा, कंपनी ने एसेट डिस्पोजल के लिए भी बोर्ड को लचीलापन दिया है, जो भविष्य की स्ट्रैटेजी में बड़े बदलाव के संकेत हो सकते हैं। पुरानी कंपनी 'Bio Green Papers Ltd' से 'String Metaverse Ltd' तक का सफर अब एक नए पड़ाव पर है।
