Starcom Information Technology Ltd का प्रदर्शन FY2026 में बेहद खराब रहा है। कंपनी का नेट लॉस बढ़कर **₹6.25 करोड़** हो गया है, जबकि इनकम में भारी गिरावट देखी गई है। ऑडिटर्स ने कंपनी की वित्तीय स्थिति और गवर्नेंस को लेकर 'गोइंग कंसर्न' (Going Concern) चेतावनी जारी की है, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी के नतीजों के मुताबिक, कुल इनकम 35.97% घटकर ₹2.11 करोड़ पर आ गई है, जबकि घाटा बढ़कर ₹6.25 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया है। कंपनी अपनी 31वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 30 सितंबर, 2026 को करने जा रही है, जिसमें एमडी जियाउल्लाह शेरिफ (Ziaulla Sheriff) की दोबारा नियुक्ति पर वोटिंग होगी।
क्यों है चिंता का विषय?
ऑडिटर्स ने कंपनी की वित्तीय स्थिति पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कंपनी की नेट वर्थ पूरी तरह से खत्म हो चुकी है। इसके अलावा, कंपनी पर भारी टैक्स देनदारियां बकाया हैं:
- TDS: ₹11.71 करोड़
- GST/सेल्स टैक्स: ₹2.48 करोड़
- PF/प्रोफेशनल टैक्स: ₹2.09 करोड़
गवर्नेंस और कंप्लायंस में बड़ी चूक
सेक्रेटेरियल ऑडिट रिपोर्ट में कंपनी द्वारा नियमों के पालन में भारी चूक पाई गई है। इसमें इनसाइडर ट्रेडिंग के लिए 'स्ट्रक्चर्ड डिजिटल डेटाबेस' (SDD) न रखना, बोर्ड कॉन्स्टिट्यूशन में कमी और BSE फाइलिंग में देरी जैसे मामले शामिल हैं। साथ ही, 2019 से रेंट के ₹6.07 करोड़ भी बकाया हैं।
आगे का रास्ता
मैनेजमेंट का कहना है कि वे पूंजी की कमी को पूरा करने के लिए नए निवेशकों की तलाश कर रहे हैं। फिलहाल बोर्ड ऑडिटर्स द्वारा उठाई गई आपत्तियों और कंप्लायंस मुद्दों को ठीक करने की कोशिश कर रहा है। निवेशकों की नजर अब इस बात पर है कि क्या कंपनी नया फंड जुटाकर अपनी साख बचा पाएगी या नहीं।
