Prostarm Info Systems ने 21 गैर-प्रवर्तक (non-promoter) निवेशकों को **28.98 लाख** कन्वर्टिबल वारंट जारी किए हैं। कंपनी ने **₹147** प्रति वारंट की कीमत पर यह फंड जुटाया है, जिससे कंपनी के पास **₹10.65 करोड़** की तत्काल पूंजी आई है।
बड़ी पूंजी का इनफ्यूजन
Prostarm Info Systems Limited ने अपने विस्तार की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 28,98,717 कन्वर्टिबल वारंट्स का अलॉटमेंट पूरा कर लिया है। इस प्रक्रिया में कंपनी को ₹10.65 करोड़ की राशि 25% अपफ्रंट पेमेंट के तौर पर मिली है। यह पूरी प्रक्रिया 15 अक्टूबर 2026 को बोर्ड की मंजूरी और 11 सितंबर 2026 को हुई AGM में शेयरहोल्डर्स की सहमति के बाद पूरी हुई है।
निवेशकों के लिए क्या हैं शर्तें?
- इश्यू प्राइस: प्रत्येक वारंट ₹147 की कीमत पर जारी किया गया है।
- कन्वर्जन: वारंट धारकों के पास अगले 18 महीने का समय है, जिसके भीतर उन्हें शेष 75% भुगतान करके वारंट्स को इक्विटी शेयर्स में बदलना होगा।
- इक्विटी डाइल्यूशन: यह कदम कंपनी के लिए लिक्विडिटी तो बढ़ा रहा है, लेकिन आने वाले 18 महीनों में जब ये वारंट्स शेयर्स में बदलेंगे, तो कंपनी की कुल इक्विटी बेस में इजाफा होगा, जिससे पुराने निवेशकों के लिए डाइल्यूशन का जोखिम बना रह सकता है।
SEBI के नियम और लॉक-इन
SEBI के ICDR रेगुलेशंस के तहत, इन वारंट्स और उनसे मिलने वाले शेयर्स पर अनिवार्य लॉक-इन अवधि लागू रहेगी। यदि निवेशक 18 महीने की अवधि में बकाया राशि का भुगतान नहीं करते हैं, तो उनका 25% का शुरुआती डिपॉजिट जब्त कर लिया जाएगा।
निवेशकों को अब यह ट्रैक करना चाहिए कि कंपनी इस पूंजी का उपयोग कैसे करती है और क्या ये निवेशक समय पर अपने कन्वर्जन विकल्पों का उपयोग करते हैं, जो कंपनी के प्रति उनका भरोसा दर्शाएगा।
