Persistent Systems ने विस्तार के लिए बड़े पैमाने पर फंड जुटाने की प्रक्रिया शुरू की है। कंपनी ने **USD 450 मिलियन** यानी लगभग **₹4,264.61 करोड़** के QIP को लॉन्च कर दिया है, जिसके लिए फ्लोर प्राइस **₹5,550** प्रति शेयर तय किया गया है।
फंड जुटाने की तैयारी
Persistent Systems ने अपनी बैलेंस शीट को मजबूत करने और भविष्य के विस्तार के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशन्स प्लेसमेंट (QIP) के जरिए USD 450 मिलियन (करीब ₹4,264.61 करोड़) जुटाने का ऐलान किया है। कंपनी की स्पेशल कमेटी ने 21 अक्टूबर, 2026 को इस इश्यू को मंजूरी दी और फ्लोर प्राइस ₹5,550 प्रति शेयर रखा है।
डील की अहम बातें
इस फंडरेज़िंग प्रक्रिया के बुक-रनिंग का जिम्मा J.P. Morgan, IIFL Capital Services और HSBC Securities को सौंपा गया है। शेयरहोल्डर्स से मिली मंजूरी के आधार पर, कंपनी निवेशकों को फ्लोर प्राइस पर 5% तक का डिस्काउंट देने की सुविधा भी दे सकती है।
निवेशकों के लिए क्या है रिस्क?
जहाँ एक ओर बड़े इंस्टीट्यूशनल निवेशकों का आना कंपनी के लिए भरोसा जताता है, वहीं दूसरी ओर मौजूदा रिटेल निवेशकों को 'इक्विटी डाइल्यूशन' के असर को समझना होगा। नए शेयर जारी होने से प्रति शेयर मालिकाना हक का हिस्सा कम हो सकता है।
कंप्लायंस और आगे का रास्ता
कंपनी ने नियमों का पालन करते हुए अपना 'प्रिलिमिनरी प्लेसमेंट डॉक्यूमेंट' जमा कर दिया है। साथ ही, इनसाइडर ट्रेडिंग के नियमों को देखते हुए प्रमोटरों और डायरेक्टर्स के लिए ट्रेडिंग विंडो बंद कर दी गई है। अब मार्केट की नजर इस बात पर है कि बुक-बिल्डिंग प्रोसेस के बाद फाइनल प्राइस क्या निकलकर आता है और फंड का इस्तेमाल किन प्रोजेक्ट्स में किया जाएगा।
