Moschip Technologies ने अपने प्रमोटरों से जुड़े एक कानूनी विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश पर स्पष्टीकरण जारी किया है। कंपनी का कहना है कि इस विवाद से उसे कोई सीधा आर्थिक या ऑपरेशनल नुकसान नहीं होगा और Vayavya Labs के अधिग्रहण की प्रक्रिया सुरक्षित है।
कोर्ट का क्या है निर्देश?
सुप्रीम कोर्ट ने 1 सितंबर, 2026 को एक आदेश पारित किया है, जिसमें संबंधित पक्षों को ₹200 करोड़ की सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा करने का निर्देश दिया गया है। यह राशि 15 सितंबर, 2026 तक जमा की जानी है।
Vayavya Labs डील का भविष्य
इस कानूनी विवाद के कारण पहले Vayavya Labs के अधिग्रहण पर स्टेटस को (status quo) लगा दिया गया था। अब कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि यदि यह सिक्योरिटी डिपॉजिट जमा कर दी जाती है, तो कंपनी के 73% स्टेक अधिग्रहण की राह आसान हो जाएगी।
निवेशकों के लिए राहत की बात
कंपनी ने साफ कर दिया है कि वह इस कानूनी विवाद में सीधे तौर पर शामिल नहीं है। यह विवाद मुख्य रूप से 'Ras Al Khaimah Investment Authority' और कंपनी के प्रमोटरों से जुड़ी इकाइयों के बीच है। ऐसे में Moschip Technologies के बिजनेस ऑपरेशंस और भविष्य की योजनाओं पर किसी भी तरह का नकारात्मक प्रभाव पड़ने की आशंका नहीं है।
अब निवेशकों को केवल इस बात पर नजर रखनी है कि 15 सितंबर की डेडलाइन तक डिपॉजिट जमा होता है या नहीं, जिससे Vayavya Labs की डील का रास्ता पूरी तरह साफ हो सके।
