Meta Infotech Ltd ने अपने नतीजों में **23.4%** की शानदार रेवेन्यू ग्रोथ दिखाई है, लेकिन कंपनी का नेट प्रॉफिट **23.9%** घटकर **₹10.89 करोड़** रह गया है। कंपनी ने **25 सितंबर, 2026** को होने वाली अपनी 28वीं AGM में IPO फंड के उपयोग की डेडलाइन को **31 मार्च, 2027** तक बढ़ाने की मंजूरी मांगी है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस: रेवेन्यू बढ़ा, प्रॉफिट घटा
कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए जो आंकड़े पेश किए हैं, वे मिले-जुले हैं। कंपनी का रेवेन्यू 23.4% बढ़कर ₹270.04 करोड़ पर पहुंच गया है, जो बाजार में कंपनी की डिमांड को दर्शाता है। हालांकि, मार्जिन पर दबाव के चलते नेट प्रॉफिट 23.9% गिरकर ₹10.89 करोड़ रह गया है।
फंड के इस्तेमाल में देरी
कंपनी अपनी ₹2.11 करोड़ की अन-यूटिलाइज्ड (unutilized) IPO राशि के लिए डेडलाइन को 31 मार्च, 2027 तक बढ़ाना चाहती है। कंपनी का कहना है कि MINT Sahar परिसर के लिए बिल्डिंग कंप्लीशन सर्टिफिकेट मिलने में देरी हुई है, जिसके चलते नए ऑफिस और एक्सपीरियंस सेंटर बनाने का काम अटक गया था। इसी वजह से इस बार बोर्ड ने डिविडेंड न देने का फैसला किया है ताकि कैश को भविष्य के विस्तार के लिए बचाया जा सके।
बोर्ड में बड़े बदलाव
कंपनी ने मैनेजमेंट लेवल पर भी बदलाव किए हैं:
- मनोहर दुव्वुरी को एडिशनल नॉन-एग्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर नियुक्त किया गया है।
- आशीष बकलीवाल ने इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के पद से इस्तीफा दे दिया है।
- होल-टाइम डायरेक्टर रामा कृष्णा किशोर अचुथानी का कार्यकाल रोटेशन के आधार पर फिर से रिन्यू किया जा रहा है।
निवेशकों के लिए जोखिम
भले ही रेवेन्यू बढ़ रहा हो, लेकिन प्रॉफिट में गिरावट और कैपिटल एक्सपेंडिचर में देरी निवेशकों के लिए चिंता का विषय है। कंपनी की भविष्य की ग्रोथ इस बात पर निर्भर करेगी कि वह कितनी तेजी से अपने रुके हुए प्रोजेक्ट्स को पूरा कर पाती है।
