Infosys ने पुष्टि की है कि U.S. Department of Labor ने उनकी नई और पेंडिंग PERM प्रोग्राम एप्लीकेशंस को सस्पेंड कर दिया है। हालांकि, मैनेजमेंट का कहना है कि इसका कंपनी के कामकाज पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा।
अमेरिकी रेगुलेशन का असर
Infosys मैनेजमेंट ने स्पष्ट किया है कि वे U.S. Department of Labor के साथ मिलकर काम कर रहे हैं ताकि PERM (Permanent Labor Certification) प्रोग्राम के तहत चल रहे निलंबन (suspension) के मुद्दे को हल किया जा सके। यह प्रोग्राम मुख्य रूप से अमेरिका में विदेशी कर्मचारियों की भर्ती के लिए लेबर सर्टिफिकेशन हासिल करने का एक जरिया है।
कंपनी का क्या कहना है?
कंपनी ने साफ कर दिया है कि फिलहाल इस घटनाक्रम से उनके ऑपरेशंस पर कोई 'Material Impact' (बड़ा असर) पड़ने की उम्मीद नहीं है। Infosys अपनी रेगुलेटरी कंप्लायंस (compliance) को लेकर पूरी तरह सजग है और अमेरिकी वर्कफोर्स के विकास पर अपना फोकस बनाए हुए है।
क्यों बदली है रणनीति?
पिछले 2 सालों में Infosys ने अमेरिका में अपनी उपस्थिति काफी बढ़ाई है। कंपनी का ध्यान अब विदेशी वीजा पर निर्भर रहने के बजाय स्थानीय स्तर पर लोगों को काम पर रखने और घरेलू टेक्नोलॉजी इनोवेशन हब को मजबूत करने पर है।
निवेशकों के लिए जोखिम
हालांकि कंपनी ने इसे फिलहाल एक सामान्य प्रक्रिया बताया है, लेकिन निवेशकों को ध्यान रखना होगा कि अगर यह सस्पेंशन लंबा खिंचता है या वीजा संबंधी नियमों पर सख्ती बढ़ती है, तो इससे कंपनी के ऑपरेशंस में थोड़ी दिक्कतें आ सकती हैं। फिलहाल, सभी की नजरें U.S. Department of Labor की अगली गाइडलाइंस पर टिकी हैं।
