Happiest Minds Technologies ने ITC Infotech के साथ विलय का बड़ा ऐलान किया है। इस डील के तहत प्रमोटर ने **22.1%** हिस्सेदारी **₹1,330 करोड़** में बेची है और **25:81** का शेयर स्वैप रेश्यो तय किया गया है।
विलय की बड़ी शर्तें
इस रणनीतिक डील के तहत, प्रमोटर अशोक सूटा अपनी 22.1% हिस्सेदारी ₹1,330 करोड़ में बेच रहे हैं। डील के स्ट्रक्चर के मुताबिक, Happiest Minds के हर 81 शेयरों के बदले 25 ITC Infotech के शेयर मिलेंगे। इस प्रक्रिया के पूरा होने के बाद, ITC Limited के पास नई संयुक्त कंपनी का 73.4% मालिकाना हक होगा, जबकि पब्लिक शेयरधारकों के पास 26.6% हिस्सा रहेगा।
क्या है बड़ा लक्ष्य?
मैनेजमेंट का मानना है कि यह मर्जर ग्रोथ को नई रफ्तार देगा। कंपनी ने FY28 तक $1 बिलियन का रेवेन्यू हासिल करने का लक्ष्य रखा है, जिसे अब 3 साल पहले ही पाने की तैयारी है। ITC Infotech की एंटरप्राइज ट्रांसफॉर्मेशन और SAP जैसी विशेषज्ञता के साथ Happiest Minds की AI और साइबर सिक्योरिटी की ताकत मिलकर कंपनी को देश की 11वीं सबसे बड़ी IT सर्विस फर्म बना सकती है।
जोखिम और चुनौतियां
पूरी इंटीग्रेशन प्रक्रिया में लगभग 15 महीने का समय लग सकता है, जो कंपनी के लिए एक बड़ा एग्जीक्यूशन टेस्ट होगा। इसके अलावा, Competition Commission of India (CCI) और NCLT से जरूरी मंजूरियां मिलना अभी बाकी है। साथ ही, दो अलग कॉर्पोरेट कल्चर को एक साथ लाना भी भविष्य में एक बड़ी चुनौती साबित हो सकता है।
ऑपरेशनल आउटलुक
फिलहाल कंपनी ने 18.1% के ऑपरेटिंग मार्जिन का अनुमान लगाया है। मर्जर की प्रक्रिया पूरी होने तक दोनों कंपनियां अलग-अलग ही काम करती रहेंगी, जिसका मतलब है कि सिनर्जी का फायदा मिलने में अभी वक्त लगेगा।
