Black Box का ₹18,000 करोड़ रेवेन्यू का टारगेट
Black Box Limited ने अपने कैपिटल मार्केट्स डे 2026 (Capital Markets Day 2026) में एक नई महत्वाकांक्षी योजना का खुलासा किया है। कंपनी का लक्ष्य वित्तीय वर्ष 2030 (FY30) तक ₹18,000 करोड़ का रेवेन्यू जुटाना है। इस बड़े लक्ष्य को हासिल करने के लिए कंपनी दो प्रमुख रणनीतियों पर काम करेगी: ऑर्गेनिक ग्रोथ (organic growth) और इनऑर्गेनिक ग्रोथ (inorganic growth)।
कंपनी का प्लान है कि ₹12,000 करोड़ का रेवेन्यू ऑर्गेनिक तरीके से, यानी मौजूदा कारोबार को बढ़ाकर हासिल किया जाए। वहीं, ₹6,000 करोड़ का रेवेन्यू विभिन्न कंपनियों के अधिग्रहण (Mergers & Acquisitions - M&A) के ज़रिए जोड़ा जाएगा। यह ध्यान देने वाली बात है कि कंपनी ने FY26 में ₹6,322 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया था।
टर्नअराउंड पूरा, अब ग्रोथ पर फोकस
Black Box ने बताया कि कंपनी ने अपना टर्नअराउंड (turnaround) पूरा कर लिया है और अब पूरी तरह से ग्रोथ पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इसके शानदार नतीजे भी देखने को मिल रहे हैं। पिछले तीन सालों (FY23 से FY26) में कंपनी के नेट प्रॉफिट (Profit After Tax - PAT) में 9 गुना की बढ़ोतरी हुई है। वहीं, EBITDA मार्जिन में 470 बेसिस पॉइंट का इजाफा हुआ है। FY26 में कंपनी का ऑर्डर बैकलॉग (order backlog) $792 मिलियन रहा, जो FY23 के $490 मिलियन से 1.6 गुना ज़्यादा है।
AI और डेटा सेंटरों में बड़ा अवसर
यह योजना इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि Black Box का AI (Artificial Intelligence) इंफ्रास्ट्रक्चर और डेटा सेंटरों (data centers) की बढ़ती मांग पर पूरा भरोसा है। कंपनी का अनुमान है कि भारत में डेटा सेंटर इंफ्रास्ट्रक्चर और एंटरप्राइज आईटी खर्च (enterprise IT spend) का कुल एड्रेसेबल मार्केट (Total Addressable Market - TAM) $7-8 बिलियन का है। कंपनी इस मौके का फायदा उठाने के लिए तैयार है।
आगे क्या?
कंपनी अपने वर्कफोर्स (workforce) को FY26 के लगभग 4,000 कर्मचारियों से बढ़ाकर FY30 तक 7,000 तक ले जाने की योजना बना रही है। इसके लिए AI स्किल्स और री-स्किलिंग (re-skilling) पर खास जोर दिया जाएगा। कंपनी हाई-वैल्यू मल्टी-ईयर कॉन्ट्रैक्ट्स (multi-year contracts) और हाइपरस्केल डेटा सेंटर प्रोजेक्ट्स (hyperscale data center projects) पर फोकस करेगी।
रिस्क फैक्टर
हालांकि, इस प्लान में कुछ रिस्क भी हैं। कंपनी बड़े हाइपरस्केलर्स (hyperscalers) पर बहुत ज़्यादा निर्भर है। इसके अलावा, 3,000 नए प्रोफेशनल्स को हायर करने और ट्रेनिंग देने का एक्ज़ेक्यूशन रिस्क (execution risk) भी है। ग्लोबल इकोनॉमिक वोलेटिलिटी (global economic volatility), बढ़ती प्रतिस्पर्धा (competition) और रेगुलेटरी बदलाव (regulatory changes) भी कंपनी के लिए चुनौतियां पेश कर सकते हैं।
