iStreet Network Ltd: बोर्ड मीटिंग का नतीजा
iStreet Network लिमिटेड ने 29 मई, 2026 को हुई अपनी बोर्ड मीटिंग के बाद प्रबंधन में बड़े बदलावों और कॉर्पोरेट एक्शन की घोषणा की है।
मुख्य बातें: नए एमडी नियुक्त; FY26 के नतीजे मंजूर; संबंधित पक्षों के साथ सौदों (RPTs) को मंजूरी, शेयरधारकों की मुहर जरूरी।
क्या हुआ?
कंपनी के बोर्ड ने मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) के पद से श्री राकेश राठी और इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के पद से श्री भार्गेश्वर बनर्जी के इस्तीफे को स्वीकार कर लिया है। श्री उत्तम दवे, जो पहले चेयरमैन और होल टाइम डायरेक्टर थे, अब 29 मई, 2026 से चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर कार्यभार संभालेंगे, बशर्ते उन्हें शेयरधारकों की मंजूरी मिल जाए।
इसके अलावा, बोर्ड ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष और चौथी तिमाही के ऑडिटेड वित्तीय नतीजों को भी मंजूरी दी है। कंपनी ने Nimit Global Foundation, TVAM Collective Private Limited, और Thirty9 Studio Private Limited के साथ बिजनेस एग्रीमेंट को भी हरी झंडी दे दी है, जिसमें प्रति एंटिटी ₹1 करोड़ की सीमा तय की गई है।
साथ ही, कंपनी के वैधानिक ऑडिटर M/s. SMMP & Company के लिए FY 2025-26 के रेमुनरेशन (वेतन) में संशोधन को भी मंजूरी मिली है। कंपनी का रजिस्टर्ड ऑफिस मुंबई के अंधेरी ईस्ट में ही शिफ्ट किया गया है और बिजनेस रिव्यू कमेटी व सिक्योरिटीज अलॉटमेंट कमेटी का पुनर्गठन भी किया गया है।
यह क्यों मायने रखता है?
नए मैनेजिंग डायरेक्टर की नियुक्ति iStreet Network के लिए एक बड़े लीडरशिप बदलाव का संकेत है। ऑडिटेड वित्तीय नतीजों की मंजूरी से वित्तीय वर्ष की रिपोर्टिंग पूरी हो जाती है। संबंधित पक्षों के साथ हुए सौदे, जिनकी राशि तय है, सामान्य गवर्नेंस प्रक्रियाएं हैं जिनके लिए शेयरधारकों की सहमति आवश्यक है। ऑफिस का स्थानांतरण और समितियों का पुनर्गठन परिचालन और गवर्नेंस से जुड़े समायोजन हैं।
आगे क्या?
शेयरधारकों की मंजूरी मिलने पर, श्री उत्तम दवे औपचारिक रूप से मैनेजिंग डायरेक्टर का पद संभालेंगे। मंजूर किए गए वित्तीय विवरण दाखिल किए जाएंगे। कंपनी तीन एंटिटीज के साथ बिजनेस एग्रीमेंट और संशोधित ऑडिटर रेमुनरेशन पर आगे बढ़ेगी, जो सदस्यों की मंजूरी पर निर्भर करेगा।
जोखिम
मुख्य जोखिम यह है कि शेयरधारक नव-नियुक्त मैनेजिंग डायरेक्टर और संबंधित पक्षों के साथ हुए सौदों को मंजूरी न दें। इन मंजूरियों में कोई भी देरी या समस्या कंपनी के परिचालन और गवर्नेंस की धारणा को प्रभावित कर सकती है।
आगे क्या देखें?
निवेशकों को आगामी शेयरधारक बैठकों के नतीजों पर कड़ी नजर रखनी चाहिए, खासकर श्री उत्तम दवे के एमडी के रूप में पदभार ग्रहण करने और संबंधित पक्षों के सौदों की मंजूरी के संबंध में। नए नेतृत्व में कंपनी की भविष्य की रणनीति एक महत्वपूर्ण पहलू होगी जिस पर ध्यान देना चाहिए।
