Vedanta Iron And Steel Ltd ने अपनी कॉर्पोरेट रीस्ट्रक्चरिंग (Corporate Restructuring) को पूरा कर लिया है। कंपनी ने प्रमोटरों को **2.2 अरब** से ज़्यादा शेयर अलॉट किए हैं, जिससे कुल इक्विटी बढ़कर **3.91 अरब** शेयर हो गई है। अब प्रमोटरों की हिस्सेदारी **56.38%** है। ये शेयर BSE और NSE पर लिस्टेड हैं।
Vedanta Iron And Steel: रीस्ट्रक्चरिंग का अंतिम चरण पूरा
Vedanta Iron And Steel Ltd ने अपने प्रमोटर ग्रुप और संबंधित व्यक्तियों को 2,20,48,67,749 इक्विटी शेयर अलॉट कर दिए हैं। यह कॉर्पोरेट रीस्ट्रक्चरिंग का अहम कदम है, जिसे नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) मुंबई बेंच ने पहले ही मंजूरी दे दी थी।
प्रमोटरों की हिस्सेदारी में इज़ाफ़ा
इस शेयर अलॉटमेंट के बाद, कंपनी की कुल इक्विटी शेयर कैपिटल बढ़कर 3,91,03,88,057 शेयर्स हो गई है। सबसे खास बात यह है कि अब Vedanta Iron And Steel Ltd में प्रमोटर ग्रुप की हिस्सेदारी बढ़कर 56.38% हो गई है। इन नए जारी किए गए शेयरों की ट्रेडिंग BSE और NSE पर 15 जून, 2026 से शुरू हो चुकी है।
रीस्ट्रक्चरिंग का पूरा खाका
इस कॉर्पोरेट रीस्ट्रक्चरिंग में Vedanta ग्रुप की कई कंपनियां शामिल थीं, जिनमें Vedanta Limited, Vedanta Power Limited, Vedanta Oil and Gas Limited, और Vedanta Aluminium Metal Limited प्रमुख हैं। यह पूरी प्रक्रिया NCLT द्वारा स्वीकृत स्कीम के तहत की गई है। यह एक नॉन-मार्केट ट्रांजैक्शन (non-market transaction) था, जिसे कंपनी के आंतरिक संगठन को बेहतर बनाने के लिए किया गया है, न कि खुले बाज़ार में ट्रेडिंग के लिए।
आगे क्या?
NCLT की स्कीम के अनुसार, कंपनी की कैपिटल स्ट्रक्चर (capital structure) को अंतिम रूप दे दिया गया है। SEBI नियमों के तहत यह फाइलिंग रीस्ट्रक्चरिंग के बाद के शेयरहोल्डिंग पैटर्न (shareholding pattern) की पारदर्शिता सुनिश्चित करती है। अब बढ़ा हुआ इक्विटी बेस और प्रमोटरों की मजबूत हिस्सेदारी कंपनी की नई संरचना को दर्शाती है।
