SJ Corporation Ltd में मालिकाना हक का बड़ा खेल
SJ Corporation Ltd में मालिकाना हक (Ownership) का बड़ा बदलाव देखने को मिला है। नए प्रमोटर्स (Promoters) ने कंपनी का कंट्रोल अपने हाथ में ले लिया है। इस ट्रांज़ैक्शन के तहत 49.20 लाख इक्विटी शेयर ट्रांसफर किए गए हैं। इस मैनेजमेंट बदलाव के साथ ही पब्लिक शेयरहोल्डर्स (Public Shareholders) के लिए एक मैंडेटरी ओपन ऑफर (Mandatory Open Offer) भी लाया गया है।
क्या हुआ?
SJ Corporation Ltd के मौजूदा प्रमोटर्स ने 49.20 लाख इक्विटी शेयर नए खरीदारों - पिंटू कांजीभाई कलवडिया, प्रशांत कांजीभाई कलवडिया, उमंग कांतिलाल सवनी और कमलेश पटेल - को बेच दिए हैं। इससे कंपनी का मैनेजमेंट कंट्रोल बदल गया है।
क्यों है ये अहम?
इस मालिकाना हक के बदलाव की वजह से कंपनी को 1.13 करोड़ इक्विटी शेयरों के लिए ओपन ऑफर लाना पड़ रहा है, जो कि कंपनी की वोटिंग कैपिटल का 26% है। यह ऑफर ₹12 प्रति शेयर के भाव पर होगा। इसके अलावा, कंपनी के बोर्ड में भी बड़े बदलाव हुए हैं। नए डायरेक्टर्स नियुक्त किए गए हैं और पुराने सदस्यों ने इस्तीफा दे दिया है। SJ Corporation ने वर्किंग कैपिटल (Working Capital) को सपोर्ट करने के लिए सूरत में अपनी ज़मीन ₹1.41 करोड़ में बेचने को भी मंजूरी दे दी है।
पुरानी कहानी
31 मार्च 2026 को खत्म हुई तिमाही में SJ Corporation का स्टैंडअलोन रेवेन्यू ₹4.26 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट (Net Profit) ₹0.34 करोड़ दर्ज किया गया। हालांकि, इसी अवधि के लिए कंसॉलिडेटेड (Consolidated) नतीजों में ₹0.61 करोड़ का नेट लॉस (Net Loss) हुआ है। कंपनी का कहना है कि यह घाटा नई एक्वायर की गई सब्सिडियरी (Subsidiary), Fishfa Rubber Limited को शामिल करने के कारण हुआ है।
अब क्या बदलेगा?
कंपनी लीडरशिप और स्ट्रैटेजिक डायरेक्शन में बदलाव के दौर से गुजर रही है, जिसमें रजिस्टर्ड ऑफिस (Registered Office) का ट्रांसफर भी शामिल है। ओपन ऑफर मौजूदा शेयरहोल्डर्स को एग्जिट (Exit) का मौका देगा। नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (Non-performing Assets) की बिक्री का मकसद वर्किंग कैपिटल को मजबूत करना है।
जोखिम
सबसे बड़ी चिंता नई सब्सिडियरी के कारण हुए कंसॉलिडेटेड नेट लॉस को लेकर है। बोर्ड और मैनेजमेंट में हुए बड़े बदलावों से नए प्रमोटर्स के लिए एग्जीक्यूशन रिस्क (Execution Risk) भी बढ़ गया है। निवेशक आने वाले पोस्टल बैलट (Postal Ballot) में प्रस्तावित रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन्स (Related Party Transactions) और बोरिंग्स (Borrowings) पर भी नज़र रखेंगे।
क्या ट्रैक करें?
निवेशकों को ओपन ऑफर की प्रगति और नतीजे, पोस्टल बैलट के नतीजे, और नई मैनेजमेंट की सब्सिडियरी को इंटीग्रेट करने और कंसॉलिडेटेड फाइनेंशियल परफॉरमेंस (Financial Performance) को बेहतर बनाने की क्षमता पर ध्यान देना चाहिए।
