जिंदल स्टील (Jindal Steel) के शेयरहोल्डर्स ने कंपनी में डायरेक्टर्स की नियुक्ति के प्रस्तावों को मंजूरी दे दी है। मिस्टर देवज्योति रॉय की डायरेक्टर और व्होलटाइम डायरेक्टर के तौर पर नियुक्ति को हरी झंडी मिल गई है। वहीं, मिस्टर दामोदर मित्तल व्होलटाइम डायरेक्टर के तौर पर फिर से नियुक्त हो गए हैं। हालांकि, मिस्टर मित्तल की री-अपॉइंटमेंट के खिलाफ कुछ संस्थागत निवेशकों ने वोट किया है।
बोर्ड में हुए बड़े बदलाव, शेयरहोल्डर्स ने दी मंजूरी
जिंदल स्टील लिमिटेड (Jindal Steel Ltd.) के शेयरहोल्डर्स ने कंपनी के लिए तीन अहम प्रस्तावों पर वोटिंग की, जिनमें डायरेक्टर्स की नियुक्ति और री-अपॉइंटमेंट शामिल थे। रिमोट ई-वोटिंग के जरिए हुए इस मतदान में सभी प्रस्तावों को शेयरहोल्डर्स का भारी समर्थन मिला।
- मिस्टर देवज्योति रॉय (डायरेक्टर): इस प्रस्ताव के पक्ष में 91,31,93,518 वोट पड़े, जो कुल वोटों का 99.83% था।
- मिस्टर देवज्योति रॉय (व्होलटाइम डायरेक्टर): इन्हें 91,40,34,077 वोट मिले, यानी 99.92% शेयरहोल्डर्स ने इन्हें मंजूरी दी।
- मिस्टर दामोदर मित्तल (व्होलटाइम डायरेक्टर): इनकी री-अपॉइंटमेंट के पक्ष में 84,78,37,157 वोट पड़े, जो 92.68% था।
क्या हुआ और क्यों है यह अहम?
शेयरहोल्डर्स की मंजूरी से मिस्टर देवज्योति रॉय अब कंपनी में डायरेक्टर और व्होलटाइम डायरेक्टर के तौर पर काम देखेंगे, जबकि मिस्टर दामोदर मित्तल व्होलटाइम डायरेक्टर के रूप में अपनी सेवाएं जारी रखेंगे। इससे कंपनी के बोर्ड और मैनेजमेंट में स्थिरता बनी रहेगी। हालांकि, मिस्टर मित्तल की री-अपॉइंटमेंट के खिलाफ मिले वोटों की संख्या थोड़ी ज्यादा है, जो कुछ संस्थागत निवेशकों की चिंताएं जाहिर करती है।
आगे क्या देखें?
शेयरहोल्डर्स के वोटिंग पैटर्न से पता चलता है कि मिस्टर मित्तल की री-अपॉइंटमेंट के खिलाफ 7.32% वोट पड़े। इनमें से 25.45% वोट पब्लिक इंस्टीट्यूशंस (Public Institutions) की ओर से आए थे। यह दिखाता है कि कुछ बड़े निवेशक कंपनी के फैसलों पर बारीकी से नजर रख रहे हैं। निवेशकों को आगे यह देखना होगा कि कंपनी इन चिंताओं को कैसे दूर करती है और भविष्य में उनके फैसलों पर इसका क्या असर पड़ता है।
