हरियाणा फाइनेंशियल कॉरपोरेशन (Haryana Financial Corporation) ने BSE से स्वैच्छिक डीलिस्टिंग (Voluntary Delisting) की मंजूरी दे दी है। कंपनी अपने शेयर ₹9.55 प्रति शेयर के भाव पर वापस खरीदेगी। यह कदम हरियाणा सरकार की कंपनी में बाकी हिस्सेदारी खरीदने की योजना का हिस्सा है।
क्यों हो रही है डीलिस्टिंग?
हरियाणा फाइनेंशियल कॉरपोरेशन के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने BSE लिमिटेड से अपने इक्विटी शेयरों को स्वैच्छिक रूप से डीलिस्ट करने के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है। यह कदम हरियाणा राज्य सरकार की सभी बकाया सार्वजनिक हिस्सेदारी को अधिग्रहित करने की मंशा के अनुरूप है। शेयरधारकों के लिए निकास मूल्य (Exit Price) ₹9.55 प्रति इक्विटी शेयर तय किया गया है।
पब्लिक शेयरधारकों का क्या होगा?
वर्तमान में, पब्लिक की हिस्सेदारी केवल 0.64% यानी 13,19,900 शेयर है। यह डीलिस्टिंग पब्लिक शेयरधारकों को अपनी हिस्सेदारी बेचने और बाहर निकलने का एक औपचारिक अवसर प्रदान करती है, हालांकि, अंतिम निर्णय शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेगा।
