Delhivery ने भरी ₹11,800 की पेनल्टी, डिस्क्लोजर में हुई देरी
लॉजिस्टिक्स सेक्टर की जानी-मानी कंपनी Delhivery Limited ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपनी एनुअल सेक्रेटेरियल कंप्लायंस रिपोर्ट जमा कर दी है। यह रिपोर्ट फर्म Chandrasekaran Associates द्वारा तैयार की गई है और इसमें कंपनी के SEBI के नियमों के पालन की पुष्टि की गई है।
कंप्लायंस रिपोर्ट की मुख्य बातें
हालांकि रिपोर्ट कुल मिलाकर सकारात्मक रही, लेकिन इसमें एक छोटी सी चूक का भी जिक्र है। 30 सितंबर, 2025 को समाप्त हुए हाफ-ईयर के लिए रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन के डिस्क्लोजर जमा करने में देरी हुई। इस गलती के चलते कंपनी पर ₹11,800 (GST सहित) का जुर्माना लगाया गया है।
ट्रांजैक्शन और समाधान
यह देरी ₹1.70 करोड़ के एक रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन से जुड़ा था, जो कंपनी की सब्सिडियरी ECOM Express Limited के साथ हुआ था। इस ट्रांजैक्शन को बाद में मंजूरी दे दी गई है।
आगे की राह
Delhivery ने ₹11,800 का जुर्माना भर दिया है। कंपनी अब इंटरनल प्रक्रियाओं और कंट्रोल्स को और मजबूत कर रही है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि भविष्य में सभी रेगुलेटरी फाइलिंग्स, जिनमें रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन के डिस्क्लोजर भी शामिल हैं, समय पर जमा हों।
गवर्नेंस पर नजर
यह ₹11,800 का जुर्माना रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन के डिस्क्लोजर जमा करने में देरी के कारण लगा है। यह एक छोटी गवर्नेंस समस्या को दर्शाता है, जिस पर कंपनी सक्रिय रूप से काम कर रही है।
फाइनेंशियल ईयर और फाइलिंग की जानकारी
- फाइनेंशियल ईयर एंड: 31 मार्च, 2026
- देरी से जमा करने की अवधि: 30 सितंबर, 2025
- जुर्माने की राशि: ₹11,800 (GST सहित)
