Juniper Green Energy Ltd ने अपने 75 MW के विंड-सोलर हाइब्रिड पावर प्रोजेक्ट को पूरी तरह से चालू कर दिया है। 17 सितंबर, 2026 को अंतिम **25 MW** सोलर यूनिट के ऑपरेशन में आने के साथ ही यह प्रोजेक्ट अब पूरी तरह से चालू हो गया है।
प्रोजेक्ट की पूरी जानकारी
इस प्रोजेक्ट को कंपनी की पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी, Juniper Green Beam Eight Private Limited ने विकसित किया है। यह पावर प्रोजेक्ट The Tata Power Company Limited के साथ हुए एक पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) के तहत तैयार किया गया है।
पोर्टफोलियो में बड़ा इजाफा
इस नए प्रोजेक्ट के चालू होने से कंपनी के कुल ऑपरेशनल रिन्यूएबल एनर्जी पोर्टफोलियो में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अब कंपनी की कुल क्षमता लगभग 2,725 MWp हो गई है। इसके साथ ही, कंपनी के पास लगभग 500 MWh की बैटरी एनर्जी स्टोरेज क्षमता भी मौजूद है।
निवेशकों के लिए क्यों है अहम?
हाइब्रिड प्रोजेक्ट्स की सबसे बड़ी खूबी यह है कि ये विंड और सोलर एनर्जी को मिलाकर पावर सप्लाई को बेहतर बनाते हैं। अब निवेशकों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि यह प्रोजेक्ट कंपनी के रेवेन्यू में कितना योगदान देता है और PPA के तहत इसका परफॉर्मेंस कैसा रहता है। कंपनी का आगे का फोकस अपने पाइपलाइन प्रोजेक्ट्स को तेजी से पूरा करने पर रहेगा।
