IREDA Q2 Results: मुनाफा हुआ फ्लैट, **₹672 करोड़** के फ्रॉड का हुआ खुलासा

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AuthorAditya Rao|Published at:
IREDA Q2 Results: मुनाफा हुआ फ्लैट, **₹672 करोड़** के फ्रॉड का हुआ खुलासा

Indian Renewable Energy Development Agency (IREDA) ने सितंबर तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट **₹554.26 करोड़** पर लगभग स्थिर रहा है, जबकि रेवेन्यू में **13.9%** की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

मुनाफे में सुस्ती और रेवेन्यू में उछाल

IREDA के सितंबर तिमाही के प्रदर्शन पर नजर डालें तो कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू बढ़कर ₹2,344.75 करोड़ हो गया है, जो पिछले साल इसी दौरान ₹2,057.85 करोड़ था। हालांकि, कंपनी का नेट प्रॉफिट मामूली बढ़त के साथ ₹554.26 करोड़ पर रहा, जो पिछले साल ₹549 करोड़ था।

फ्रॉड का बड़ा खुलासा

कंपनी ने अपने डिस्क्लोजर में तीन अलग-अलग फ्रॉड मामलों की जानकारी दी है, जिनकी कुल वैल्यू ₹672.74 करोड़ है। इसमें Gensol Group से जुड़े दो मामले और Arjuna Biofuels का एक मामला शामिल है। अच्छी बात यह है कि कंपनी ने इन मामलों के लिए 100% 'Expected Credit Loss' (ECL) प्रोविजनिंग पहले ही कर ली है। इसके अलावा, करीब ₹386.76 करोड़ के लोन अकाउंट्स को हाई कोर्ट के आदेश के बाद 'Stage II' (स्टैंडर्ड) में रखा गया है, जबकि ये 'Stage III' (NPA) की कैटेगरी में आते हैं।

डेप्ट और फाइनेंशियल स्थिति

कंपनी की बैलेंस शीट की स्थिति की बात करें तो सिक्योर नॉन-कन्वर्टिबल डेट सिक्योरिटीज के लिए 3.97 गुना का मजबूत सिक्योरिटी कवर मौजूद है। मैनेजमेंट ने स्पष्ट किया है कि रिपोर्टिंग पीरियड के दौरान ब्याज या मूलधन के भुगतान में कोई डिफॉल्ट नहीं हुआ है।

आगे के लिए क्या है संकेत?

निवेशकों को अब कानूनी मामलों के निपटारे और एसेट क्लासिफिकेशन पर नजर रखने की जरूरत है। प्रोविजनिंग के दबाव के बीच कंपनी अपने 'नेट इंटरेस्ट मार्जिन' (NIM) को कैसे बरकरार रखती है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.