Borosil Renewables के निवेशकों के लिए खबर है कि कंपनी ने अपने भरूच प्लांट के विस्तार में देरी की है। अब यह प्रोजेक्ट मार्च 2027 तक पूरा होगा और इसका कुल बजट बढ़कर **₹1,100 करोड़** हो गया है।
प्रोजेक्ट में देरी और बढ़ती लागत
Borosil Renewables ने अपने भरूच, गुजरात वाले 600 TPD (टन्स पर डे) कैपेसिटी विस्तार प्रोजेक्ट की डेडलाइन को आगे बढ़ा दिया है। पहले यह प्रोजेक्ट दिसंबर 2026 तक पूरा होना था, लेकिन अब यह मार्च 2027 के अंत तक पूरा होगा। इसी के साथ, कंपनी ने प्रोजेक्ट की कुल लागत को ₹950 करोड़ से बढ़ाकर ₹1,100 करोड़ कर दिया है।
क्यों बढ़े खर्च और देरी की वजह?
मैनेजमेंट ने इस बदलाव के पीछे मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव को बड़ी वजह बताया है। इस अस्थिरता की वजह से ग्लोबल सप्लाई चेन प्रभावित हुई है और कमोडिटी की कीमतों में उछाल आया है। साथ ही, कंपनी ने प्रोजेक्ट के स्कोप में भी विस्तार किया है, जिस पर अतिरिक्त ₹150 करोड़ खर्च किए जा रहे हैं।
राहत की बात: कर्ज का बोझ नहीं
सबसे अहम बात यह है कि कंपनी इस अतिरिक्त खर्च को अपने इंटरनल फंड से पूरा करेगी, जिससे कंपनी पर कोई अतिरिक्त कर्ज (Debt) नहीं बढ़ेगा। इसके अलावा, कंपनी 'विकसित गुजरात इंडस्ट्रियल पॉलिसी – 2026' का लाभ उठाने की तैयारी कर रही है, जिससे उन्हें पावर और कैपिटल सब्सिडी मिल सकती है।
आगे का आउटलुक
इस विस्तार के बाद कंपनी की कुल प्रोडक्शन कैपेसिटी 1,000 TPD से बढ़कर 1,600 TPD हो जाएगी। हालांकि, निवेशकों को मार्च 2027 तक प्रोजेक्ट के काम की रफ्तार पर नजर रखनी होगी, क्योंकि ग्लोबल लॉजिस्टिक्स और इनपुट कॉस्ट अभी भी एक रिस्क फैक्टर बने हुए हैं।
