SSPDL Ltd ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए शानदार प्रदर्शन करते हुए घाटे से उबरकर **₹7.50 करोड़** का नेट प्रॉफिट कमाया है। कंपनी अब अपनी वर्किंग कैपिटल बढ़ाने के लिए चेयरमैन से **₹40 करोड़** का लोन लेने की मंजूरी मांग रही है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का दम
SSPDL Ltd की हालिया 32वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में कंपनी ने वित्तीय मोर्चे पर जोरदार वापसी की है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल के ₹6.39 करोड़ से बढ़कर ₹28.62 करोड़ पर पहुंच गया है। वहीं, पिछले साल के ₹1.94 करोड़ के नुकसान के मुकाबले इस बार कंपनी ने ₹7.50 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। स्टैंडअलोन लेवल पर तो कंपनी का मुनाफा ₹11.60 करोड़ रहा है।
प्रमोटर लोन का गणित
कंपनी ने अपने चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर, श्री प्रकाश चल्ला से ₹40 करोड़ की रिवॉल्विंग लोन सुविधा लेने का प्रस्ताव रखा है। मैनेजमेंट का तर्क है कि 12% का ब्याज मौजूदा अनसिक्योर्ड कॉर्पोरेट कर्ज के 15% ब्याज के मुकाबले काफी सस्ता और प्रतिस्पर्धी है। इसका मकसद कामकाज के लिए फ्लेक्सिबल लिक्विडिटी जुटाना है।
प्रोजेक्ट्स का अपडेट
- चेन्नई ऑफिस: प्रोजेक्ट पूरा हो चुका है और इसे Work Easy Space Solutions को 12 साल के लिए लीज पर दे दिया गया है।
- रेजिडेंशियल: 'Lakewood Enclave' के अपार्टमेंट हैंडओवर हो चुके हैं, जबकि 32 में से 13 विला बिक चुके हैं और काम जारी है।
- हैदराबाद प्रोजेक्ट: 'Suri Nilayam' प्रोजेक्ट अब 31 दिसंबर 2026 तक पूरा होने की उम्मीद है, जिसके लिए 50:50 रेवेन्यू शेयरिंग एग्रीमेंट हुआ है।
निवेशकों की नजर अब AGM में होने वाली वोटिंग पर है, क्योंकि यह एक रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शन है। आगे कंपनी इस फंड का इस्तेमाल विला सेल्स और कंस्ट्रक्शन की रफ्तार बढ़ाने के लिए कैसे करती है, यह देखना अहम होगा।
