Ravinder Heights Ltd ने FY26 के लिए शानदार परफॉर्मेंस दिखाते हुए घाटे से मुनाफे में वापसी की है। कंपनी ने **₹48.89 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो मुख्य रूप से इसकी सब्सिडियरी के प्रोजेक्ट्स की बदौलत है। हालांकि, स्टैंडअलोन स्तर पर कंपनी अभी भी घाटे में है।
मुनाफे की असल कहानी
कंपनी ने शानदार वित्तीय साल (FY26) पूरा किया है। जहां पिछले साल कंपनी ₹253.74 लाख के घाटे में थी, वहीं इस बार इसने ₹4,889.10 लाख का नेट प्रॉफिट (PAT) दर्ज किया है। रेवेन्यू में भी भारी उछाल देखने को मिला है, जो बढ़कर ₹7,516.22 लाख पर पहुंच गया है। इस ग्रोथ का बड़ा श्रेय गुरुग्राम में लॉन्च किए गए 'Bestech City 2' प्रोजेक्ट को जाता है।
गवर्नेंस और कंप्लायंस पर सवाल
अच्छे नतीजों के बीच कंपनी ने SEBI के LODR नियमों के उल्लंघन की जानकारी भी दी है। पहला मामला बोर्ड मीटिंग की सूचना में 1 दिन की देरी का है और दूसरा मामला 75 साल से अधिक उम्र के इंडिपेंडेंट डायरेक्टर की नियुक्ति को मंजूरी मिलने में 32 दिन की देरी से जुड़ा है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि BSE और NSE द्वारा लगाए गए जुर्माने का भुगतान कर दिया गया है।
रिस्क और आगे की राह
निवेशकों को यह ध्यान रखना होगा कि यह मुनाफा मुख्य रूप से सब्सिडियरी प्रोजेक्ट्स पर निर्भर है, जबकि पैरेंट कंपनी अभी भी ₹59.22 लाख के स्टैंडअलोन लॉस में है। 26 सितंबर, 2026 को होने वाली एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में कंपनी के स्टैंडअलोन प्रॉफिटेबिलिटी प्लान और गवर्नेंस पर मैनेजमेंट की रणनीति देखना काफी महत्वपूर्ण होगा।
