Kernex Microsystems ने भारतीय रेलवे के लिए एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। कंपनी ने उत्तर मध्य रेलवे के टुंडला-पंकी धाम रूट पर **207 किलोमीटर** लंबे 'कवच' (Kavach) सिग्नलिंग सिस्टम को सफलतापूर्वक चालू कर दिया है। यह सिस्टम **160 kmph** तक की स्पीड को सपोर्ट करता है।
रेल सुरक्षा में नया मील का पत्थर
Kernex Microsystems India Ltd ने भारतीय रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर को और मजबूत करते हुए 207 किलोमीटर लंबे 'कवच' (Kavach) ट्रेन प्रोटेक्शन सिस्टम को टुंडला-पंकी धाम रूट पर सफलतापूर्वक चालू कर दिया है। यह उत्तर मध्य रेलवे (North Central Railway) के लिए एक बड़ी सफलता है।
तेज स्पीड, पुख्ता सुरक्षा
यह नया चालू किया गया सेक्शन 130 kmph की ऑपरेशनल स्पीड के लिए डिज़ाइन किया गया है, लेकिन टेस्टिंग के दौरान इसने 160 kmph तक की स्पीड को सपोर्ट करने की क्षमता दिखाई है।
कंपनी ने अब तक उत्तर मध्य रेलवे में कुल 572 किलोमीटर रूट पर कवच सिस्टम को लागू किया है, जो कि 652 रूट किलोमीटर के लक्ष्य का एक बड़ा हिस्सा है।
क्यों है यह अहम?
Kernex की यह उपलब्धि रेलवे सुरक्षा तकनीक को लागू करने में उसकी काबिलियत को साबित करती है। 'कवच' जैसे एंटी-कोलिजन सिस्टम की सफल तैनाती, खासकर हाई-स्पीड क्षमता के साथ, कंपनी को भारत के तेजी से आधुनिक हो रहे रेल नेटवर्क में भविष्य के कॉन्ट्रैक्ट्स के लिए मजबूत स्थिति में लाती है।
कंपनी की पृष्ठभूमि
Kernex Microsystems रेलवे सिग्नलिंग और सुरक्षा प्रणालियों के विकास और तैनाती में लगी हुई है। यह कंपनी भारत में 'कवच' जैसी स्वदेशी सुरक्षा तकनीकों को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। Hitachi के इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग जैसे थर्ड-पार्टी सिस्टम के साथ इसकी इंटरऑपरेबिलिटी भी एक बड़ा प्लस पॉइंट है।
भविष्य की राह
इस सफल कमीशनिंग से Kernex की प्रोजेक्ट एग्जीक्यूशन की साख बढ़ी है। यह राष्ट्रीय रेलवे सुरक्षा पहलों में उसकी भूमिका को और मजबूत करती है और भविष्य में, खासकर हाई-स्पीड कॉरिडोर से जुड़ी परियोजनाओं के लिए, उसकी प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त को बढ़ाती है।
आगे क्या?
निवेशक कंपनी द्वारा अन्य रेलवे जोन में 'कवच' की तैनाती और रेलवे सिग्नलिंग व सुरक्षा डोमेन में नई परियोजनाओं की जीत के अपडेट पर नज़र रखेंगे।
अन्य महत्वपूर्ण जानकारी:
- इस नए सेक्शन में 39 स्टेशन शामिल हैं।
- 10 WAP-7 लोकोमोटिव को भी कमीशन किया गया।
- 4,600 से अधिक RFID टैग लगाए गए।
- 17 कम्युनिकेशन टावर और 30 डेडिकेटेड इक्विपमेंट रूम स्थापित किए गए।
