ड्रोन बनाने वाली कंपनी ideaForge Technology के सामने बड़ी कानूनी चुनौती खड़ी हो गई है। GST विभाग ने कंपनी को **₹109.17 करोड़** का डिमांड नोटिस भेजा है, जिसमें टैक्स शॉर्टफॉल और पेनल्टी दोनों शामिल हैं।
क्या है पूरा मामला?
टैक्स अथॉरिटी ने जनवरी 2022 से मार्च 2024 के बीच की अवधि के लिए ideaForge Technology के खिलाफ यह आदेश जारी किया है। विभाग का कहना है कि कंपनी ने ड्रोन पर गलत GST दर लागू की थी। इस डिमांड में ₹54.59 करोड़ का टैक्स शॉर्टफॉल और इतनी ही राशि की पेनल्टी (जुर्माना) जोड़ी गई है, जिससे कुल रकम ₹109.17 करोड़ हो गई है।
कंपनी का क्या कहना है?
अथॉरिटीज का दावा है कि कंपनी ने 5% के बजाय 18% की दर से टैक्स भरा है। हालांकि, ideaForge का कहना है कि उन्होंने 5% GST रेट ही सही इस्तेमाल किया था। कंपनी के अनुसार, साल 2025 में सरकार की ओर से जारी एक स्पष्टीकरण में भी यह साफ किया गया है कि ड्रोन पर 5% की GST दर ही लागू होती है।
आगे क्या होगा?
कंपनी ने साफ कर दिया है कि वह इस आदेश के खिलाफ अपील करने की तैयारी में है। मैनेजमेंट के मुताबिक, उन्हें विश्वास है कि सरकार के हालिया स्पष्टीकरण के आधार पर उनका पक्ष कानूनी रूप से मजबूत है। फिलहाल कंपनी के ऑपरेशन्स पर इसका कोई तात्कालिक असर नहीं पड़ेगा, लेकिन निवेशकों को कोर्ट के अगले फैसलों पर नजर रखने की जरूरत है।
