Varyaa Creations ने FY26 के लिए **₹0.52 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, लेकिन कंपनी की इंटरनल फाइनेंशियल कंट्रोल सिस्टम पर ऑडिटर ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं, जो निवेशकों के लिए चिंता का विषय है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का हाल
कंपनी ने FY26 के लिए ₹34.93 करोड़ का रेवेन्यू और ₹0.52 करोड़ का नेट प्रॉफिट रिपोर्ट किया है। अगर पिछले फाइनेंशियल ईयर (FY25) से तुलना करें, तो रेवेन्यू ₹31.34 करोड़ और प्रॉफिट ₹0.42 करोड़ था, यानी ग्रोथ बहुत ही मामूली रही है।
ऑडिटर की बड़ी चेतावनी (Audit Red Flag)
कंपनी के लिए सबसे बड़ी मुसीबत इसकी ऑडिट रिपोर्ट है। स्टेट्यूटरी ऑडिटर ने साफ तौर पर कहा है कि फाइनेंशियल रिपोर्टिंग के लिए कंपनी का 'इंटरनल फाइनेंशियल कंट्रोल' पूरी तरह प्रभावी नहीं है। यह निवेशकों के लिए एक बड़ा 'रेड फ्लैग' है, क्योंकि यह कंपनी के एडमिनिस्ट्रेशन और गवर्नेंस में खामियों की ओर इशारा करता है।
AGM में क्या है एजेंडा?
कंपनी 29 सितंबर, 2026 को अपनी सालाना आम बैठक (AGM) करने वाली है। मैनेजमेंट प्रमोटर्स—मैनेजिंग डायरेक्टर Pooja Naheta और एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर Sarika Naheta—की सैलरी में 50% का इजाफा कर ₹1.50 लाख प्रति माह करने का प्रस्ताव ला रही है। इसके अलावा, कंपनी के 'ऑब्जेक्ट क्लॉज' में बदलाव और डायरेक्टर्स की दोबारा नियुक्ति भी एजेंडे में शामिल है।
निवेशकों के लिए जोखिम
ऑडिटर की टिप्पणी के अलावा, सेक्रेटेरियल ऑडिट रिपोर्ट में भी पिछले फाइनेंशियल रिजल्ट्स को देरी से सबमिट करने का जिक्र है। ऐसे में निवेशकों को यह देखना होगा कि बोर्ड इन स्ट्रक्चरल कमियों को कैसे सुधारता है और क्या AGM में मैनेजमेंट इन सवालों के जवाब दे पाता है। आगे की तिमाही के नतीजों और सुधार की प्रक्रिया पर नजर रखना बहुत जरूरी होगा।
