Unistar Multimedia Ltd के लिए मुसीबतें बढ़ती दिख रही हैं। कंपनी को Registrar of Companies (ROC), Mumbai-II से औपचारिक नोटिस मिला है, जिसमें फाइनेंशियल ईयर **2020-21** से जुड़े कॉर्पोरेट गवर्नेंस और फाइनेंशियल रिकॉर्ड्स की जांच के आदेश दिए गए हैं।
जांच का दायरा और नोटिस
यह जांच Companies Act, 2013 के सेक्शन 206(4) के तहत शुरू की गई है। रेगुलेटर ने 5 अगस्त 2026 को कंपनी से बोर्ड मीटिंग के मिनट्स, डायरेक्टर्स में बदलाव, ऑडिटर्स का इतिहास और 'Significant Beneficial Ownership' से जुड़े नियमों के पालन पर विस्तृत दस्तावेज मांगे हैं।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
सेक्शन 206(4) का इस्तेमाल तब किया जाता है जब रेगुलेटर को अनैतिक गतिविधियों या नियमों के उल्लंघन का संदेह हो। हालांकि 2 सितंबर 2026 तक कंपनी ने स्पष्ट किया है कि अभी तक कोई पेनल्टी या प्रतिबंध नहीं लगाया गया है, लेकिन इतने सालों के पुराने रिकॉर्ड्स की जांच होना कंपनी की पारदर्शिता पर सवाल खड़े करता है।
कंपनी का पक्ष और भविष्य की चुनौतियां
फिलहाल, Unistar Multimedia अपनी MCA फाइलिंग और रजिस्टर्स को फिर से व्यवस्थित करने में जुटी है ताकि ROC को जवाब दिया जा सके। मैनेजमेंट का कहना है कि यह केवल जानकारी जुटाने का एक हिस्सा है। हालांकि, निवेशकों को सावधान रहने की जरूरत है, क्योंकि अगर कंपनी के इंटरनल रिकॉर्ड्स और ऑफिशियल फाइलिंग में कोई विसंगति (gap) पाई जाती है, तो मामला और गंभीर हो सकता है।
आने वाले समय में कंपनी की तरफ से आने वाली एक्सचेंज फाइलिंग पर नजर रखें, क्योंकि उससे यह स्पष्ट होगा कि ROC की प्रतिक्रिया क्या रहती है।
