Tree House Education & Accessories के लिए Q2 के नतीजे बेहद खराब रहे हैं। कंपनी को **₹17.61 करोड़** का तगड़ा नेट लॉस हुआ है, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में यह घाटा महज **₹0.10 करोड़** था।
मुनाफे पर क्यों पड़ी मार?
कंपनी का रेवेन्यू भी गिरकर ₹0.83 करोड़ पर आ गया है, जो पिछले साल इसी दौरान ₹1.06 करोड़ था। नतीजों के बिगड़ने की एक बड़ी वजह ₹20.97 करोड़ का 'इंपेयरमेंट' (Impairment) है, जो विद्या भारती समिति के साथ जुड़े सिक्योरिटी डिपॉजिट को राइट-ऑफ करने के कारण हुआ है।
बड़े जोखिम और कानूनी संकट
निवेशकों के लिए फिलहाल सबसे बड़ी चिंता कंपनी का गिरता हुआ फाइनेंशियल स्वास्थ्य नहीं, बल्कि उस पर मंडरा रहे कानूनी बादल हैं:
- फॉरेंसिक ऑडिट: मुंबई पुलिस की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग (EOW) कंपनी के FY 2011-12 से 2017-18 के फाइनेंशियल पीरियड की फॉरेंसिक जांच कर रही है।
- क्रिमिनल लिटिगेशन: फरवरी 2025 में वडोदरा डिटेक्शन ऑफ क्राइम ब्रांच ने कंपनी, इसके मैनेजिंग डायरेक्टर और अन्य की-मैनेजरियल पर्सनल (KMP) के खिलाफ प्रॉपर्टी विवाद को लेकर FIR दर्ज की है। हालांकि उन्हें फिलहाल राहत मिली है, लेकिन यह मामला कंपनी की साख पर बड़ा सवाल है।
पैसा फंसने का डर
कंपनी ने 'Mira Education Trust' के पास ₹136.18 करोड़ के सिक्योरिटी डिपॉजिट फंसा रखे हैं। कंपनी प्रबंधन इसे रिकवर करने का दावा तो कर रहा है, लेकिन कंपनी के मौजूदा स्केल के हिसाब से यह रकम बहुत बड़ी है, जो लिक्विडिटी के लिए बड़ा रिस्क है।
