Shreeji Shipping Global ने अपनी दूसरी एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) **29 सितंबर, 2026** को बुलाई है। कंपनी शेयरधारकों से कर्ज लेने, निवेश और लोन की सीमा को बढ़ाकर **₹1,500 करोड़** करने की मंजूरी मांग रही है।
फाइनेंशियल लिमिट्स में भारी उछाल
Shreeji Shipping Global Limited ने अपनी आगामी AGM के लिए नोटिस जारी कर दिया है। कंपनी अपने फाइनेंशियल स्ट्रक्चर को विस्तार देने के लिए कर्ज लेने, निवेश करने और लोन देने की सीमा को ₹1,500 करोड़ तक ले जाने की योजना बना रही है। शेयरधारक इस प्रस्ताव पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वोट करेंगे।
क्यों है यह अहम?
यह कदम कंपनी के आक्रामक विस्तार और लिक्विडिटी मैनेजमेंट की रणनीति को दिखाता है। कंपनी श्रीजी शिपिंग सर्विसेज (इंडिया) और सिद्धि मरीन सर्विसेज एलएलपी जैसी ग्रुप एंटिटीज के साथ बड़े पैमाने पर ट्रांजेक्शन के लिए 'ओमनीबस अप्रूवल' मांग रही है। निवेशकों को इन इंट्रा-ग्रुप डील्स पर बारीक नजर रखने की जरूरत है ताकि कॉर्पोरेट गवर्नेंस के मानकों का पूरा ध्यान रखा जाए।
बोर्ड में नियुक्तियां और ऑडिटर्स
AGM के एजेंडे में श्री जितेंद्रकुमार हरिदास लाल की ज्वाइंट मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर पुनर्नियुक्ति शामिल है। इसके अलावा, कंपनी ने सेक्रेटेरियल ऑडिटर के रूप में Mittal V. Kothari & Associates को नियुक्त किया है, जबकि कॉस्ट ऑडिटर Mitesh Suvagiya & Co. के मेहनताने पर अभी मुहर लगनी बाकी है।
आने वाले समय में कंपनी इस लिमिट का कितना इस्तेमाल करती है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।
