Shipwaves Online Ltd के लिए बुरी खबर है। नेशनल फेसलेस अपील सेंटर (NFAC) ने कंपनी की एक बड़ी टैक्स अपील को खारिज कर दिया है, जिससे कंपनी पर **₹0.73 करोड़** का अतिरिक्त टैक्स बोझ बढ़ गया है।
टैक्स विभाग ने खारिज की अपील
नेशनल फेसलेस अपील सेंटर (NFAC) ने असेसमेंट ईयर (AY) 2024-25 के लिए Shipwaves Online Ltd की याचिका को ठुकरा दिया है। इस फैसले के बाद कंपनी पर ₹72.67 लाख (यानी करीब ₹0.73 करोड़) का टैक्स बकाया कंफर्म हो गया है।
विवाद की जड़ क्या है?
यह मामला ग्रेच्युटी खर्चों में ₹0.24 करोड़ और इनटेंजिबल एसेट्स के डेप्रिसिएशन पर ₹2.21 करोड़ की कटौती से जुड़ा है। अपील खारिज होने के बाद कंपनी की असेसमेंट इनकम बढ़कर ₹5.28 करोड़ हो गई है, जबकि कंपनी ने पहले इसे ₹2.83 करोड़ दिखाया था। इस फैसले से अब कंपनी के कैश फ्लो पर सीधा असर पड़ेगा, क्योंकि उसे टैक्स के साथ-साथ ब्याज का भुगतान भी करना होगा।
पेनल्टी का जोखिम बरकरार
टैक्स एक्ट के सेक्शन 270A(9) के तहत पेनल्टी की कार्यवाही भी शुरू की गई है। हालांकि, अथॉरिटी ने कहा है कि पेनल्टी को लेकर अभी अपील करना जल्दबाजी होगी, इसलिए इस मोर्चे पर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं आया है।
निवेशकों के लिए सलाह
अब निवेशकों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या कंपनी इस फैसले के खिलाफ किसी उच्च न्यायालय या ट्रिब्यूनल में अपील करती है। कंपनी पर आने वाला यह वित्तीय बोझ भविष्य के मुनाफे और लिक्विडिटी पर कितना दबाव डालेगा, यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा।
