Schaeffler India के एमडी Harsha Kadam को बड़ी राहत मिली है। अधिकारियों द्वारा गैर-जमानती धारा हटाने के बाद उन्हें जमानत मिल गई है, और बॉम्बे हाईकोर्ट ने जांच पर अंतरिम रोक लगा दी है।
कानूनी संकट से मिली राहत
Schaeffler India Ltd ने शेयरधारकों को आधिकारिक जानकारी दी है कि कंपनी के एमडी और सीईओ Harsha Gopal Kadam को कानूनी कार्यवाही में बड़ी राहत मिली है। 20 अक्टूबर, 2026 को तलवडे MIDC पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के बाद, अधिकारियों ने खुद ही उनके खिलाफ लगाई गई गैर-जमानती धारा (भारतीय न्याय संहिता की धारा 105) को हटा दिया है। इसके बाद, 22 अक्टूबर, 2026 को वडगांव मावल, पुणे की अदालत ने उन्हें जमानत दे दी।
बॉम्बे हाईकोर्ट का आदेश
जमानत मिलने के बाद, Harsha Kadam ने इस पूरे मामले को बॉम्बे हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। 23 अक्टूबर, 2026 को हाईकोर्ट ने एक बड़ा अंतरिम आदेश जारी किया है। कोर्ट ने मामले की जांच पर रोक लगा दी है और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे सीईओ के खिलाफ कोई भी चार्जशीट या सप्लीमेंट्री चार्जशीट फाइल न करें।
आगे क्या होगा?
यह घटनाक्रम कंपनी की लीडरशिप में स्थिरता की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण है। निवेशक अब BSE फाइलिंग के जरिए कोर्ट की अगली कार्यवाही पर नजर बनाए हुए हैं। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि वे लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं, ताकि भविष्य में मैनेजमेंट की निरंतरता और मार्केट सेंटीमेंट पर इसका असर न पड़े।
