Acuité Ratings & Research ने Patel Retail Limited की रेटिंग को अपग्रेड कर दिया है। अगस्त 2025 में आए सफल IPO के बाद कंपनी का कर्ज घटा है और नेटवर्थ में भारी उछाल आया है, जिसका सीधा असर उसकी साख पर पड़ा है।
रेटिंग में क्यों हुआ सुधार?
Acuité Ratings & Research ने Patel Retail Limited की लंबी अवधि की बैंक सुविधाओं को ACUITE BBB+ (Stable) और शॉर्ट-टर्म रेटिंग को ACUITE A2 पर अपग्रेड किया है। रेटिंग एजेंसी के मुताबिक, अगस्त 2025 में लाए गए सफल IPO के जरिए जुटाए गए फंड से कंपनी ने अपना कर्ज काफी कम कर लिया है, जिससे बैलेंस शीट पहले के मुकाबले काफी मजबूत हुई है।
आंकड़ों में सुधार
कंपनी के प्रदर्शन में बड़ा सुधार देखने को मिला है:
- Debt-to-Tangible-Net-Worth Ratio: यह पिछले फाइनेंशियल ईयर के 1.36 से घटकर 0.45 गुना रह गया है।
- नेटवर्थ: 31 मार्च 2026 तक कंपनी की नेटवर्थ बढ़कर ₹363.64 करोड़ हो गई, जो पिछले साल ₹134.45 करोड़ थी।
- PAT मार्जिन: कंपनी का मुनाफा मार्जिन 3.08% से बढ़कर 3.72% पर पहुंच गया है।
- ऑपरेटिंग इनकम: कंपनी की आय पिछले साल के ₹821.35 करोड़ से बढ़कर ₹1,049.43 करोड़ दर्ज की गई है।
भविष्य की योजनाएं और रिस्क
कंपनी मार्च 2028 तक 71 सुपरमार्केट चलाने के लक्ष्य पर काम कर रही है। हालांकि, निवेशकों को कंपनी के Working Capital Cycle पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए, क्योंकि ग्रॉस करंट एसेट्स 127 दिनों से बढ़कर 159 दिनों पर पहुंच गए हैं। नए स्टोर खोलने के चक्कर में इन्वेंट्री बढ़ना इसका मुख्य कारण है। इसके अलावा, एग्रो-क्लाइमेटिक रिस्क का सीधा असर फूड प्रोसेसिंग रॉ मटीरियल पर पड़ सकता है, जिस पर सावधानी जरूरी है।
