One Point One Solutions Ltd को BSE और NSE से **15 लाख** वारंट जारी करने की 'इन-प्रिंसिपल' मंजूरी मिल गई है। यह प्रेफरेंशियल इश्यू **₹60** प्रति शेयर के न्यूनतम भाव पर नॉन-प्रमोटर्स को जारी किया जाएगा।
प्रेफरेंशियल इश्यू से जुड़े अपडेट्स
कंपनी ने अपनी पूंजी बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। BSE और NSE से मिली मंजूरी के बाद, One Point One Solutions अब 15 लाख वारंट जारी करने के लिए अधिकृत है। ये वारंट ₹2 फेस वैल्यू वाले इक्विटी शेयरों में कन्वर्ट होंगे। इश्यू की कीमत ₹60 प्रति शेयर तय की गई है, जो सीधे तौर पर नॉन-प्रमोटर निवेशकों को जारी किए जाएंगे।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
यह कदम कंपनी के फाइनेंशियल बेस को मजबूत करने के लिए उठाया गया है। इससे बैलेंस शीट में मजबूती आएगी और कंपनी की लिक्विडिटी में सुधार की संभावना है। यह रेगुलेटरी मंजूरी इस फंडरेजिंग प्रक्रिया में एक अहम मील का पत्थर साबित हो रही है।
SEBI की सख्त गाइडलाइन्स
मार्केट रेगुलेटर SEBI के नियमों का पालन करते हुए, एक्सचेंज ने कंपनी पर कड़ी निगरानी की जिम्मेदारी डाली है। कंपनी को यह सुनिश्चित करना होगा कि:
- अलॉटीज (Allottees) इंट्रा-डे ट्रेडिंग न करें।
- शेयर अलॉटमेंट की तारीख से पहले कोई भी शेयर न बेचा जाए।
- कंपनी को अपने इंटरनल कंट्रोल्स को सख्त रखना होगा और सभी निवेशकों से लिखित अंडरटेकिंग लेनी होगी।
आगे क्या होगा?
अब निवेशकों की नजरें कंपनी की अगली एक्सचेंज फाइलिंग पर होनी चाहिए, जिसमें फंड रिसीव होने और फाइनल अलॉटमेंट की जानकारी दी जाएगी। वारंट्स के इक्विटी शेयरों में बदलने के बाद कंपनी को फाइनल लिस्टिंग की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। किसी भी तरह की रेगुलेटरी चूक से इस मंजूरी को वापस लिया जा सकता है।
