Modipon Limited ने 29 सितंबर, 2026 को अपनी 59वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) बुलाई है। कंपनी का कामकाज सालों से बंद है और फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में इसे **₹51.05 लाख** का नेट लॉस हुआ है, जबकि ऑपरेशंस से रेवेन्यू **जीरो** रहा है।
फाइनेंशियल हालात और AGM का एजेंडा
कंपनी ने अपनी 59वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का शेड्यूल जारी कर दिया है जो 29 सितंबर, 2026 को आयोजित होगी। इस बैठक में नए स्टैच्यूटरी ऑडिटर्स, M/s Vasu Bansal & Co. की नियुक्ति और एडमिनिस्ट्रेटिव खर्चों को पूरा करने के लिए संबंधित कंपनियों (Related-party transactions) से लोन लेने पर चर्चा होगी। शेयर ट्रांसफर बुक्स 23 सितंबर से 29 सितंबर, 2026 तक बंद रहेंगी।
रेवेन्यू का सूखा और लोन पर निर्भरता
कंपनी की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट 2007 से ही बंद पड़ी है, जिसके चलते फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में कंपनी को ऑपरेशन से एक रुपया भी नहीं मिला। फिलहाल, कंपनी Status Mark Finvest Limited और Ashoka Mercantile Limited से लिए गए असुरक्षित लोन (Unsecured Loans) के सहारे चल रही है। इन दोनों कंपनियों से ₹1 करोड़ प्रति इकाई तक की फंडिंग जुटाने की योजना है ताकि कंपनी का अस्तित्व बना रहे।
रिस्क और चुनौतियां
ऑडिटर्स ने कंपनी के 'गोइंग कंसर्न' (Going Concern) स्टेटस पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कंपनी के सामने कई बड़े खतरे हैं:
- कानूनी विवाद: Commissioner of Central Excise & Service Tax के साथ चल रहे मामले और लेबर लिटिगेशन कंपनी पर भारी पड़ रहे हैं।
- IBC प्रोसीडिंग्स: पंजाब नेशनल बैंक (PNB) द्वारा शुरू की गई दिवालिया प्रक्रिया (Insolvency proceedings) कंपनी के लिए सबसे बड़ी बाधा है।
- कैश फ्लो की कमी: कंपनी का सारा कामकाज बाहरी लोन पर टिका है, जो भविष्य के लिए एक बड़ा जोखिम है।
