Inditalia Refcon Ltd ने अपनी 40वीं AGM की तारीख **28 सितंबर, 2026** तय कर दी है। कंपनी का शेयर **2002** से ट्रेडिंग सस्पेंशन झेल रहा है, जिसे हटाने के लिए मैनेजमेंट अब एक्सपोर्ट लॉजिस्टिक्स और कंटेनर लीजिंग के नए बिजनेस मॉडल पर दांव लगा रहा है।
AGM और कंपनी की स्थिति
कंपनी ने 4 सितंबर, 2026 को हुई बोर्ड मीटिंग में अपनी 40वीं AGM का ऐलान किया है। फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए कंपनी ने ₹2.02 लाख का नेट लॉस रिपोर्ट किया है, जो कि पिछले साल के ₹6.78 लाख के मुकाबले बेहतर है। हालांकि, गौर करने वाली बात यह है कि इस अवधि में कंपनी का कोई भी मैन्युफैक्चरिंग या ट्रेडिंग कामकाज नहीं हुआ है।
ट्रेडिंग सस्पेंशन हटाने की चुनौती
कंपनी का शेयर 2002 से एक्सचेंज पर सस्पेंडेड है। BSE ने जून 2023 में कंपनी के खिलाफ अनिवार्य रूप से डीलिस्टिंग (Delisting) की प्रक्रिया शुरू की थी, जिससे बचने के लिए मैनेजमेंट अब रेगुलेटरी अनुपालन पर जोर दे रहा है।
नई राह: कंटेनर लीजिंग
बिज़नेस को पुनर्जीवित करने के लिए कंपनी ने एक्सपोर्ट लॉजिस्टिक्स और कंटेनर लीजिंग के क्षेत्र में उतरने का फैसला किया है। शेयरहोल्डिंग और डिपॉजिटरी रिकॉर्ड्स को दुरुस्त करने के लिए Purva Sharegistry (India) Private Limited को नया रजिस्ट्रार और शेयर ट्रांसफर एजेंट नियुक्त किया गया है। अभी भी कंपनी की कुल शेयर कैपिटल का 98.54% हिस्सा फिजिकल फॉर्म में है, जो लिक्विडिटी के लिए बड़ी बाधा है।
निवेशकों के लिए जोखिम
कंपनी के ऑडिटर्स ने 'गोइंग कंसर्न' (Going Concern) स्टेटस को लेकर चेतावनी दी है। कंपनी का नेट वर्थ पूरी तरह से इरोड (Erode) हो चुका है और देनदारियां एसेट्स से कहीं ज्यादा हैं। भविष्य में कंपनी का टर्नअराउंड इस बात पर निर्भर करेगा कि वे नए रेवेन्यू सोर्सेज जुटाने और ट्रेडिंग सस्पेंशन हटाने में कितने सफल रहते हैं।
