IRB InvIT Fund ने Solapur Yedeshi Tollway Limited और CG Tollway Limited के **100%** इक्विटी अधिग्रहण के लिए प्रोजेक्ट और फाइनेंसिंग एग्रीमेंट को अंतिम रूप दे दिया है।
एसेट एक्विजिशन की प्रक्रिया में बड़ा कदम
IRB InvIT Fund ने औपचारिक रूप से प्रोजेक्ट इम्प्लीमेंटेशन एग्रीमेंट और शेयरहोल्डर लोन डॉक्यूमेंट्स पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। यह डेवलपमेंट 3 अगस्त, 2026 को मिली अनitholders की मंजूरी के बाद आया है, जो इन टोल रोड एसेट्स को ट्रस्ट के पोर्टफोलियो में शामिल करने की दिशा में एक निर्णायक मोड़ है।
क्या है पूरा मामला?
28 सितंबर, 2026 को ट्रस्ट ने दो स्पेशल पर्पस व्हीकल्स (SPV) यानी SYTL और CGTL के लिए जरूरी एग्रीमेंट पूरे किए। इन एग्रीमेंट्स का मकसद अधिग्रहण की प्रक्रिया को ऑपरेशनल फेज में लाना है। दिलचस्प बात यह है कि ट्रस्ट ने अपने स्पोंसर, IRB Infrastructure Developers Limited, को प्रोजेक्ट मैनेजर नियुक्त किया है, ताकि सोलापुर-येदेशी (महाराष्ट्र) और किशनगढ़-उदयपुर (राजस्थान) के रोड स्ट्रेच के मैनेजमेंट में निरंतरता बनी रहे।
निवेशकों के लिए जोखिम और संकेत
निवेशकों को अब NH-211 और NH-79 कॉरिडोर पर ट्रैफिक वॉल्यूम के आंकड़ों पर नजर रखनी होगी। इसके अलावा, नए शेयरहोल्डर लोन के कारण ट्रस्ट की ओवरऑल लेवरेज प्रोफाइल (Leverage Profile) पर क्या असर पड़ता है, यह देखना अहम होगा। अब बाजार की नजरें ओनरशिप के आधिकारिक ट्रांसफर और इन दोनों SPVs से होने वाली रेवेन्यू कंसोलिडेशन (Revenue Consolidation) पर टिकी हैं।
