Future Consumer Ltd अब अपने कॉर्पोरेट इनसॉल्वेंसी रेजोल्यूशन प्रोसेस (CIRP) के एक निर्णायक दौर में पहुंच गई है। कंपनी ने निवेशकों से रिवाइवल प्लान मंगाने के लिए फॉर्म G जारी किया है।
संकट में फंसी कंपनी की क्या है स्थिति?
कंपनी के हालात का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि फाइनेंशियल ईयर 2025 में इसका कुल रेवेन्यू महज ₹56.22 लाख रहा है। वर्तमान में कंपनी के पास केवल 3 कर्मचारी और 1 रिटेनर बचा है। अब पूरी कवायद इस बात पर टिकी है कि IBC फ्रेमवर्क के जरिए कंपनी को नया खरीदार मिलता है या फिर इसे लिक्विडेशन की ओर बढ़ना पड़ेगा।
महत्वपूर्ण तारीखें (Resolution Timeline)
इनसॉल्वेंसी की इस प्रक्रिया के लिए एक सख्त टाइमलाइन तय की गई है:
- 28 सितंबर 2026: एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI) जमा करने की आखिरी तारीख।
- 08 अक्टूबर 2026: संभावित आवेदकों की प्रोविजनल लिस्ट जारी होगी।
- 23 अक्टूबर 2026: फाइनल लिस्ट जारी होने की तारीख।
- 27 नवंबर 2026: रेजोल्यूशन प्लान सबमिट करने की डेडलाइन।
निवेशकों के लिए जोखिम
कंपनी का कारोबार मुख्य रूप से हरियाणा, कर्नाटक और मध्य प्रदेश की कुछ संपत्तियों तक ही सीमित रह गया है। कम रेवेन्यू और इनसॉल्वेंसी की स्थिति के कारण निवेशकों के लिए कैपिटल रिकवरी को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। बाजार की नजरें अब इस पर टिकी हैं कि क्या कंपनी को कोई ठोस खरीदार मिल पाता है या नहीं।
