Duke Offshore Limited ने अपने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 की एनुअल रिपोर्ट में सुधार (Corrigendum) जारी किया है। इसके साथ ही कंपनी ने माइनिंग, AI और एनर्जी सेक्टर में उतरने का बड़ा ऐलान किया है।
एनुअल रिपोर्ट में सुधार (Corrigendum)
कंपनी ने 5 सितंबर, 2026 को फाइल की गई एनुअल रिपोर्ट में कुछ प्रशासनिक सुधार किए हैं। इनमें बोर्ड डिस्क्लोजर और ऑडिट संबंधी जानकारी शामिल है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इन सुधारों का कंपनी के फाइनेंशियल आंकड़ों पर कोई असर नहीं पड़ा है।
बड़ा बिजनेस बदलाव (Strategic Pivot)
कंपनी ने अपनी 40वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का एजेंडा जारी किया है, जो 30 सितंबर, 2026 को होने वाली है। मैनेजमेंट अब अपने पुराने मरीन सर्विसेज बिजनेस से आगे निकलकर माइनिंग, मेटल्स, कीमती पत्थर, स्टील, पावर और AI/डेटा सेंटर जैसी नई टेक्नोलॉजी में हाथ आजमाने की तैयारी में है। इसके लिए कंपनी अपने एसेट्स बेचकर ₹100 करोड़ तक जुटाने की योजना बना रही है।
फाइनेंशियल सेहत
कंपनी अभी भी घाटे में है, लेकिन स्थिति में सुधार देखा गया है। फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में कंपनी का नेट लॉस ₹64.82 लाख रहा, जबकि पिछले साल यह ₹219.77 लाख था। कंपनी की कुल कमाई ₹73.67 लाख से बढ़कर ₹155.48 लाख पर पहुंच गई है।
आगे की राह और चुनौतियां
बदलाव तो बड़ा है, लेकिन माइनिंग और AI जैसे हाई-टेक सेक्टर में कदम रखना आसान नहीं होगा। निवेशकों की नजर इस बात पर रहेगी कि कंपनी ₹30 करोड़ से अपनी ऑथराइज्ड शेयर कैपिटल को बढ़ाकर ₹100 करोड़ तक कैसे ले जाती है और अपने एसेट मोनेटाइजेशन प्लान को कैसे पूरा करती है।
