Dharti Proteins Limited सफलतापूर्वक कॉरपोरेट इन्सॉल्वेंसी रेजोल्यूशन प्रोसेस (CIRP) से बाहर निकल आई है। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में **₹84.65 लाख** का नेट लॉस दर्ज किया है। अब निवेशकों की नजरें **28 सितंबर** को होने वाली AGM पर हैं, जहां कर्ज लेने की भारी-भरकम सीमा को मंजूरी मिल सकती है।
रीस्ट्रक्चरिंग के बाद नई शुरुआत
Dharti Proteins (पहले Devika Proteins) आधिकारिक तौर पर नवंबर 2025 में CIRP से बाहर आ गई है। कंपनी ने व्यापक कैपिटल रीस्ट्रक्चरिंग की है, जिसमें पुराने शेयरों को रद्द कर प्रमोटरों और लेनदारों को नए शेयर जारी किए गए हैं। फिलहाल कंपनी की पेड-अप कैपिटल ₹50 लाख है, जिसे 5,00,000 इक्विटी शेयरों में बांटा गया है।
नई मैनेजमेंट और वित्तीय स्थिति
दिसंबर 2025 में नियुक्त नए बोर्ड के तहत कंपनी अब नए दौर में है। हालांकि, फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के नतीजे अभी भी स्ट्रगल दिखा रहे हैं, जिसमें नेट लॉस ₹84.65 लाख और रेवेन्यू मात्र ₹2.97 लाख रहा है। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर जतिनभाई रमनभाई पटेल और सीएफओ सोहन लाल की लीडरशिप में अब कंपनी आक्रामक विस्तार की तैयारी कर रही है।
AGM में बड़े प्रस्ताव
28 सितंबर, 2026 को होने वाली AGM में मैनेजमेंट ने सेक्शन 180 और 186 के तहत कर्ज लेने और निवेश की क्षमता को ₹5,000 करोड़ तक बढ़ाने का प्रस्ताव रखा है। इसके अलावा, डायरेक्टर से ₹100 करोड़ तक का अनसेक्योर्ड लोन लेने की भी तैयारी है, जिसे बाद में इक्विटी में बदला जा सकेगा।
निवेशकों के लिए जोखिम (Risks to Watch)
फिलहाल BSE पर कंपनी के शेयर सस्पेंडेड हैं। ₹50 लाख की पेड-अप कैपिटल वाली कंपनी के लिए ₹5,000 करोड़ की कर्ज सीमा काफी बड़ी है, जो इसके भविष्य के कैपिटल एलोकेशन पर सवाल खड़े करती है। निवेशकों को AGM के फैसलों और ट्रेडिंग फिर से शुरू होने की तारीख पर पैनी नजर रखनी चाहिए।
