DIC India Limited के रजिस्टर्ड ऑफिस पर 14 अक्टूबर, 2026 को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की टीम ने सर्वे किया है। मामला फॉर्म 61A के तहत SFT रिटर्न दाखिल न करने से जुड़ा है। राहत की बात यह है कि कंपनी का कामकाज सामान्य है और कोई भी पेनल्टी नहीं लगाई गई है।
क्या हुआ है सर्वे में?
इनकम टैक्स विभाग ने 14 अक्टूबर, 2026 को DIC India के रजिस्टर्ड ऑफिस में यह सर्वे शुरू किया था और 15 अक्टूबर को कंपनी को इसका आधिकारिक 'रिकॉर्ड ऑफ सर्वे प्रोसीडिंग्स' सौंपा गया है। विभाग की मुख्य चिंता फॉर्म 61A के तहत स्टेटमेंट ऑफ फाइनेंशियल ट्रांजैक्शंस (SFT) रिटर्न को फाइल न करने को लेकर है।
निवेशकों के लिए राहत की बात
टैक्स से जुड़ी जांच अक्सर निवेशकों के मन में गवर्नेंस या ऑपरेशनल रिस्क का डर पैदा कर देती है, लेकिन कंपनी ने साफ कर दिया है कि सर्वे के दौरान कोई भी एसेट या डॉक्यूमेंट जब्त नहीं किया गया है। DIC India के अनुसार, कंपनी के बिजनेस ऑपरेशन्स पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ा है और वे पूरी तरह से अधिकारियों के साथ सहयोग कर रहे हैं।
आगे क्या होगा?
कंपनी ने इस मसले को सुलझाने के लिए टैक्स अधिकारियों के सामने अपना पक्ष रखा है। फिलहाल DIC India ने SFT फाइलिंग से जुड़ी औपचारिकताओं को पूरा करने के लिए अधिकारियों से कुछ और समय की मांग की है ताकि सुधारात्मक कदम उठाए जा सकें।
निवेशकों को क्या देखना चाहिए?
हालांकि फिलहाल कोई जुर्माना (Penalty) नहीं लगाया गया है, लेकिन आने वाले दिनों में फॉर्म 61A की फाइलिंग से जुड़ी अपडेट्स और इनकम टैक्स विभाग की ओर से मिलने वाली क्लोजर रिपोर्ट पर नजर रखना जरूरी होगा।
