Castora Agri Commodities (पुरानी Gopal Iron & Steels) के लिए हालात मुश्किल हो गए हैं। FY 2025-26 में कंपनी का रेवेन्यू **93%** लुढ़क गया है और ऑडिटर ने कंपनी के भविष्य पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के नतीजे
कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल के ₹3.15 करोड़ से गिरकर इस बार महज ₹0.21 करोड़ पर आ गया है। इसके साथ ही नेट लॉस भी ₹2.42 लाख से बढ़कर ₹3.8 लाख तक पहुंच गया है। कंपनी अब मैन्युफैक्चरिंग से हटकर पूरी तरह से एग्रो-कमोडिटी कारोबार में शिफ्ट होने की कोशिश कर रही है, जिसके लिए ऑथोराइज्ड शेयर कैपिटल को ₹6 करोड़ से बढ़ाकर ₹50 करोड़ करने की मंजूरी दी गई है।
ऑडिटर की कड़ी चेतावनी
ऑडिटर M/S. Krutesh Patel & Associates ने कंपनी को 'गोइंग कंसर्न' (Going Concern) टैग दिया है, जिसका सीधा मतलब है कि कंपनी का भविष्य खतरे में है। भारी ऑपरेशनल लॉस और प्लांट-मशीनरी बेचने के बाद ऑडिटर ने इसकी लॉन्ग-टर्म वायबिलिटी पर संशय जताया है।
टैक्स विवाद का बड़ा बोझ
कंपनी के सिर पर ₹1,091.98 लाख (करीब ₹10.9 करोड़) का टैक्स विवाद है। इसमें से ₹939.28 लाख का मामला फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग है। कंपनी ने अभी इसके लिए कोई प्रोविजन नहीं किया है, क्योंकि मैनेजमेंट को उम्मीद है कि ये कानूनी अड़चनें उनके पक्ष में सुलझ सकती हैं।
मैनेजमेंट में हलचल
साल के दौरान कंपनी के मैनेजमेंट में बड़ा बदलाव देखने को मिला। मैनेजिंग डायरेक्टर, CFO और कई बोर्ड सदस्यों के इस्तीफे के बाद, 13 अगस्त 2026 को आयुष कमलेशभाई शाह को एडिशनल नॉन-एक्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर नियुक्त किया गया है।
