Anka India Ltd ने अपनी 32वीं AGM के लिए नोटिस जारी किया है। कंपनी ने नॉन-ऑपरेशनल (गैर-परिचालन) होने के बावजूद **₹100 करोड़** तक के कर्ज और एसेट डिस्पोजल की मंजूरी मांगी है, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई है।
AGM के बड़े प्रस्तावों पर नजर
Anka India Ltd ने 30 सितंबर, 2026 को अपनी 32वीं सालाना आम बैठक (AGM) बुलाई है। इस बैठक में कंपनी ने ₹100 करोड़ तक की उधारी लेने और संपत्ति बेचने (Asset Disposal) के अधिकार मांगे हैं। इसके अलावा, Wallet Circle Technologies Limited और Alchemist Corporation Limited के साथ भारी भरकम ट्रांजेक्शन की भी अनुमति मांगी गई है।
क्यों उठ रहे हैं सवाल?
कंपनी के फाइनेंशियल आंकड़े काफी चिंताजनक हैं। वित्त वर्ष 2026 में कंपनी को ₹74.19 लाख का शुद्ध घाटा हुआ है, जबकि पिछले साल यह ₹2.32 लाख के मुनाफे में थी। चौंकाने वाली बात यह है कि कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू महज ₹18 लाख है। ऐसे में ₹100 करोड़ की उधारी और ₹50 करोड़ तक के लोन ट्रांजेक्शन की मंजूरी का प्रस्ताव काफी आक्रामक (Aggressive) माना जा रहा है।
नॉन-ऑपरेशनल स्थिति और बढ़ती सैलरी
कंपनी ने खुद स्वीकार किया है कि वह पिछले कई सालों से सक्रिय (Operational) नहीं है। इसके बावजूद, बोर्ड ने मैनेजिंग डायरेक्टर Spark Sood की सैलरी ₹18.70 लाख से बढ़ाकर ₹22.50 लाख सालाना करने का प्रस्ताव रखा है, जो 1 अप्रैल, 2026 से प्रभावी होगा।
निवेशकों के लिए जोखिम
बिना किसी ठोस बिजनेस मॉडल के इतनी बड़ी रकम के साथ 'रिलेटेड पार्टी ट्रांजेक्शन' (RPT) करना बड़ा रिस्क है। AGM के दौरान निवेशकों को यह देखना चाहिए कि इन प्रस्तावों का तर्क क्या है और क्या यह कंपनी के हित में है या नहीं।
