Agio Paper & Industries ने FY26 के नतीजों का ऐलान किया है। कंपनी का नेट लॉस बढ़कर **₹18.05 करोड़** हो गया है, जबकि पिछले साल यह **₹1.57 करोड़** था। कंपनी का बिलासपुर प्लांट **2010** से बंद पड़ा है और भविष्य पूरी तरह नई फंडिंग पर निर्भर है।
भारी नुकसान और घटती वैल्यू
कंपनी ने FY26 के लिए अपने एनुअल रिजल्ट्स जारी कर दिए हैं। कंपनी ने ₹18.05 करोड़ का नेट लॉस रिपोर्ट किया है, जो पिछले साल के ₹1.57 करोड़ के नुकसान से कहीं ज्यादा है। इस घाटे में एक बड़ा हिस्सा ₹16.27 करोड़ का है, जो कंपनी ने अपनी 'कैपिटल वर्क-इन-प्रोग्रेस' के एसेट इम्पैरमेंट (Asset Impairment) के तौर पर दिखाया है, जो कि इसकी बुक वैल्यू का 75% है।
ऑपरेशन्स पर संकट
बता दें कि कंपनी का बिलासपुर स्थित मैन्युफैक्चरिंग प्लांट अक्टूबर 2010 से ही पूरी तरह बंद है। भले ही कंपनी पर बैंकों का कोई कर्ज नहीं है और यह डेट-फ्री है, लेकिन कोई भी ऑपरेशनल इनकम न होने की वजह से इसकी हालत नाजुक बनी हुई है। मैनेजमेंट ने साफ कर दिया है कि कंपनी के अस्तित्व को बचाने के लिए नई पूंजी यानी फ्रेश कैपिटल की सख्त जरूरत है।
गवर्नेंस और आगे की राह
बोर्ड ने M/s. Baid Agarwal Singhi & Co. को फिर से स्टेट्यूटरी ऑडिटर नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा है, जिनका कार्यकाल 2031 तक होगा। साथ ही, श्री Malay Chakrabarty को 30 सितंबर, 2026 से पांच साल के लिए होल-टाइम डायरेक्टर के तौर पर फिर से नियुक्त करने का फैसला लिया गया है। निवेशकों को कंपनी के गिरते नेट वर्थ और प्रोडक्शन शुरू न हो पाने की अनिश्चितता पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।
