Ace Engitech ने अपना FY 2025-26 का एनुअल रिपोर्ट जारी कर दिया है। कंपनी का नेट लॉस कम होकर **₹0.288 करोड़** पर आ गया है, जबकि पिछले साल यह **₹0.4809 करोड़** था। हालांकि, कंपनी का रेवेन्यू घटकर **₹0.87 लाख** रह गया है। अब निवेशकों की नजर **29 सितंबर, 2026** को होने वाली 35वीं AGM पर है, जहां प्रमोटर एंटिटीज के साथ **₹60 करोड़** तक के ट्रांजैक्शन पर मुहर लगेगी।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी के फाइनेंशियल आंकड़ों के अनुसार, पिछले साल के मुकाबले घाटा कम तो हुआ है, लेकिन ऑपरेशनल लेवल पर चुनौतियां बनी हुई हैं। FY 2024-25 में रेवेन्यू ₹0.0255 करोड़ था, जो अब FY 2025-26 में गिरकर महज ₹0.0087 करोड़ रह गया है।
AGM का मुख्य एजेंडा
कंपनी अपनी 35वीं AGM में गवर्नेंस में बड़े बदलाव करने वाली है। इसमें नए इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स की नियुक्ति के साथ-साथ प्रमोटर एंटिटीज जैसे Zyden Technologies Private Limited, मिस्टर दिनेश कुमार बोहरा और मिस्टर अभिषेक दिनेश बोहरा के साथ IT और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी सेवाओं के लिए ₹60 करोड़ की ट्रांजैक्शन लिमिट को मंजूरी दी जानी है।
निवेशकों के लिए जोखिम
याद दिला दें कि Ace Engitech का NBFC लाइसेंस साल 2018 में ही कैंसिल हो चुका है, जिसके बाद कंपनी ने अपना फोकस IT और इंफ्रास्ट्रक्चर की तरफ शिफ्ट किया है। वर्तमान में कंपनी के कुल एसेट्स केवल ₹62.16 लाख हैं, ऐसे में ₹60 करोड़ की प्रस्तावित ट्रांजैक्शन लिमिट निवेशकों के लिए चिंता का विषय हो सकती है। कंपनी अभी भी 'डेवलपमेंट फेज' में है, इसलिए सतर्क रहना जरूरी है।
