TV Vision Limited के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं, कंपनी अब कॉर्पोरेट इनसॉल्वेंसी रेजोल्यूशन प्रोसेस (CIRP) के दायरे में आ गई है। 30 जुलाई 2026 को शुरू हुई इस प्रक्रिया में अब तक **₹383.71 करोड़** के दावों को मंजूरी मिली है, जिसमें पंजाब नेशनल बैंक सबसे बड़ा लेनदार है।
कर्ज का पूरा गणित
कंपनी के ऊपर कुल ₹383.71 करोड़ के दावे स्वीकार किए गए हैं, जो कुल 17 लेनदारों से जुड़े हैं। इसमें सबसे बड़ी हिस्सेदारी Punjab National Bank की है, जिसका एडमिटेड क्लेम ₹320.64 करोड़ का है। बैंक के पास कंपनी की प्रोग्राम लाइब्रेरी और अन्य संपत्तियों पर विशेष चार्ज (Exclusive Charge) है।
अब कंपनी का क्या होगा?
जुलाई के अंत से ही कंपनी की मैनेजमेंट पावर सस्पेंड कर दी गई है और अब पूरी ऑपरेशनल कंट्रोल Interim Resolution Professional (IRP) के पास है। अब IRP एक ऐसा रेजोल्यूशन प्लान तैयार करने पर काम करेगा जिससे कंपनी की वैल्यू को मैक्सिमाइज किया जा सके और लेनदारों का बकाया चुकाया जा सके।
कानूनी पेंच और अनिश्चितता
अभी भी ₹19.63 करोड़ के दावों की वेरिफिकेशन चल रही है। Den Networks Limited और Planetcast Media Services जैसे बड़े लेनदारों के ब्याज से जुड़े विवाद TDSAT और Bombay High Court में पेंडिंग हैं। ये कानूनी मामले आगे चलकर सेटलमेंट की रकम को प्रभावित कर सकते हैं।
निवेशकों को अब कंपनी के रेजोल्यूशन प्लान के सबमिशन और आगे के घटनाक्रमों पर बारीकी से नजर रखने की जरूरत है।
