इन्सॉल्वेंसी (Insolvency) से गुजर रही TV Vision Ltd की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। कंपनी की कमिटी ऑफ क्रेडिटर्स (CoC) ने रेजोल्यूशन प्रोफेशनल (RP) की फीस और कंपनी के ऑपरेशनल खर्चों से जुड़े प्रस्तावों को खारिज कर दिया है, जो कंपनी के भविष्य पर सवाल खड़े कर रहा है।
भारी विरोध के बीच अटका प्रस्ताव
TV Vision Ltd की दूसरी कमिटी ऑफ क्रेडिटर्स (CoC) की बैठक में 98.19% की भारी असहमति के साथ रेजोल्यूशन प्रोफेशनल की फीस और CIRP से जुड़े खर्चों को खारिज कर दिया गया है। इसके अलावा, लीगल एडवोकेट की नियुक्ति का प्रस्ताव भी इसी बड़े अंतर से नामंजूर हो गया है।
ऑपरेशन्स पर क्या असर?
जहाँ खर्चों पर क्रेडिटर्स ने सख्ती दिखाई है, वहीं कंपनी के जरूरी कामकाज के लिए कुछ नियुक्तियों को मंजूरी दे दी गई है।
- वैल्यूअर्स: भावीन आर. पटेल और वी रुद्रा एसेट रेकनर्स एंड कंसल्टेंट्स की नियुक्ति हुई है।
- कंप्लायंस: Virendra Rajeev & Associates, K. Bagla & Associates और MSMK & Co. को अकाउंटिंग और ऑडिटिंग के लिए चुना गया है।
- कर्मचारी वेतन: अगस्त 2026 के लिए ₹2.68 लाख के सैलरी भुगतान को हरी झंडी मिल गई है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
क्रेडिटर्स और रेजोल्यूशन प्रोफेशनल के बीच यह टकराव यह संकेत दे रहा है कि CIRP प्रक्रिया में वित्तीय अनुशासन को लेकर काफी अनबन है। यह खींचतान कंपनी के रिजोल्यूशन टाइमलाइन को लंबा खींच सकती है या कानूनी जटिलताएं पैदा कर सकती है। शेयरधारकों को अब इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि क्या RP इन खर्चों को दोबारा पेश करेंगे या कंपनी का पूरा स्ट्रक्चर बदला जाएगा।
