Tenneco Clean Air India को मुंबई कलेक्टर ऑफ स्टाम्प्स से **₹37.20 करोड़** के भुगतान का आदेश मिला है, जिसमें **₹24.36 करोड़** का बड़ा जुर्माना शामिल है। यह विवाद **2019** की एक डीमर्जर स्कीम से जुड़ा है।
भारी भरकम डिमांड और जुर्माना
Tenneco Clean Air India Ltd को मुंबई के कलेक्टर ऑफ स्टाम्प्स से एक कड़ा आदेश मिला है। कंपनी को कुल ₹37.20 करोड़ चुकाने के लिए कहा गया है। इसमें ₹12.85 करोड़ की स्टाम्प ड्यूटी (पहले भुगतान की गई राशि को छोड़कर) और ₹24.36 करोड़ का भारी-भरकम जुर्माना शामिल है। यह मामला 2019 में कंपनी और Tenneco Automotive India Private Limited के बीच हुई डीमर्जर स्कीम के दौरान स्टाम्प ड्यूटी कम जमा करने के आरोपों से जुड़ा है।
क्यों बढ़ गई निवेशकों की चिंता?
यह मामला काफी गंभीर है क्योंकि नवंबर 2023 में मिले 'कारण बताओ नोटिस' (Show Cause Notice) में जुर्माना सिर्फ ₹6.81 करोड़ का था, जो अब बढ़कर ₹24.36 करोड़ हो चुका है। जुर्माने की यह राशि 3 गुना से भी ज्यादा बढ़ गई है, जो कॉरपोरेट पुनर्गठन (Corporate Restructuring) से जुड़े पुराने मामलों पर बढ़ती नियामकीय सख्ती को दर्शाता है।
आगे की राह
कंपनी ने साफ किया है कि वह इस आदेश को ऊपरी अदालतों में चुनौती देने की तैयारी कर रही है। लीगल सलाहकारों का मानना है कि कंपनी के पास अपने पक्ष को मजबूत रखने के लिए कानूनी आधार हैं।
निवेशकों को क्या देखना चाहिए?
- कैश फ्लो पर असर: कंपनी को आने वाली तिमाही नतीजों में इस देनदारी के लिए कोई प्रोविजन बनाना पड़ सकता है।
- कानूनी अपडेट: कोर्ट से मिलने वाला कोई भी स्टे ऑर्डर (Stay Order) शेयर के लिए राहत की बात हो सकती है।
फिलहाल, निवेशकों को कंपनी की तरफ से आने वाली अगली कानूनी कार्रवाई और बैलेंस शीट पर पड़ने वाले असर पर नजर रखनी चाहिए।
